पूर्णिया में ‘विधिक एवं अनुपालन क्लिनिक’ विषय पर कार्यक्रम आयोजित पूर्णिया. उद्योग विभाग, बिहार, पटना द्वारा दिये गये निर्देश के अनुपालन में जिला उद्योग केन्द्र, पूर्णिया एवं स्टार्ट-अप सेल, पूर्णिया के समन्वय से ‘विधिक एवं अनुपालन क्लिनिक’ विषय पर कार्यक्रम जिला उद्योग केन्द्र, पूर्णिया के सभागार में किया गया. इस मौके पर जिला उद्योग केन्द्र के महाप्रबंधक संजीव कुमार ने बताया कि राज्य में स्टार्ट-अप पारिस्थितिकी के विकास एवं विस्तार हेतु, बिहार स्टार्ट-अप नीति-2022 लागू की गयी है. इस नीति के तहत राज्य के सभी जिले में जमीनी स्तर पर नवाचार एवं उद्यमिता को प्रोत्साहित करने हेतु स्टार्ट-अप सेल का गठन किया गया है. उन्होने बताया कि विधिक एवं अनुपालन क्लिनिक विषय पर आधारित इस कार्यक्रम में विशेषज्ञों द्वारा जिले में उद्योग के विस्तार एवं विकास हेतु विभिन्न विषयों पर सूचना/जानकारी साझा किया जाना है ताकि जिले के उद्यमियों एवं भावी उद्यमियों के लिए काफी लाभप्रद हो सके. चार्टड एकाउंटेंट रोहन माकिजा ने प्रतिभागियों को स्टार्टअप कराधान और विनियामक अनुपालन विषय के बारे में विस्तृत जानकारी दी. उन्होने बताया कि उद्यमी कैसे कॉस्ट कटिंग कर अपनी इकाई के लाभ को बढ़ा सकते हैं. उप आयुक्त, राज्य कर, पूर्णिया द्वारा जीएसटी के संबंध में विस्तृत जानकारी दी गई. साथ ही उद्यमियों के द्वारा किये गये प्रश्नों का भी उत्तर दिया गया. जिला अवर निबंधक, पूर्णिया के द्वारा निबंधन से संबंधित जानकारी दी गई. बताया गया कि आगामी माह से एनजीओ का निबंधन कार्य भी जिला निबंधन कार्यालय, पूर्णिया द्वारा किया जा सकेगा. डा. परिमल साह, प्राध्यापक-सह-स्टार्ट-अप, पूर्णिया समन्वयक द्वारा बौद्धिक संपदा अधिकार (आइपीआर) के संबंध में विस्तृत जानकारी दी गई. उन्होने बताया कि स्टार्ट-अप अथवा बौद्धिक संपदा अधिकार से संबंधित जानकारी एवं रजिस्ट्रेशन करने हेतु पूर्णिया अभियंत्रण कॉलेज, पूर्णिया में स्थापित स्टार्ट-अप सेल से संपर्क कर उद्यमी लाभप्राप्त कर सकते हैं. जिला उद्योग केन्द्र के परियोजना प्रबंधक संजय कुमार श्रीवास्तव ने धन्यवाद ज्ञापन किया. इस कार्यक्रम में लगभग 60 की संख्या में उद्यमी, छात्र/छात्राएं एवं अन्य उपस्थित थे.
स्टार्ट-अप उद्यमियों को मिला कानूनी सुरक्षा व व्यवसायिक विकास का पाठ
पूर्णिया में ‘विधिक एवं अनुपालन क्लिनिक’ विषय पर कार्यक्रम आयोजित
