अररिया से राहुल सिंह की रिपोर्ट
Police: बिहार में नशा माफियाओं और मादक पदार्थों के अंतर-जिला सिंडिकेट के खिलाफ पुलिस को एक और बड़ी सफलता हाथ लगी है. पटना एसटीएफ से मिले बेहद सटीक इनपुट के आधार पर अररिया नगर थाना पुलिस ने गोढ़ी चौक से कुछ दूरी पर स्थित टोल गेट के पास एक सघन छापेमारी अभियान चलाया. इस दौरान पुलिस ने एक यात्री बस को रोककर तलाशी ली, जिसमें दो युवकों के पास से कुल 708.7 ग्राम प्रतिबंधित स्मैक और दो मोबाइल फोन बरामद किए गए. पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया है, जिनसे जिले में फैले इस नशे के नेटवर्क को लेकर कड़ी पूछताछ की जा रही है.
बस को रोककर की गई तलाशी, सहरसा के रहने वाले हैं दोनों आरोपी
स्मैक की इस बड़ी खेप की बरामदगी और तस्करों की गिरफ्तारी के मुख्य बिंदुओं को निम्नलिखित रूप में समझा जा सकता है:
- तस्करों की पहचान: गिरफ्तार आरोपियों में रंधीर कुमार (पिता- गणेशी यादव), निवासी- सरोजा वार्ड संख्या 09, थाना- बलवा हाट, जिला- सहरसा और गुड्डू कुमार (पिता- लक्ष्मण यादव), निवासी- नंदलाली, थाना- बिहरा, जिला- सहरसा शामिल हैं.
- गुप्त सूचना पर नाकेबंदी: एसडीपीओ सुशील कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि पटना एसटीएफ को सूचना मिली थी कि सहरसा के तस्कर भारी मात्रा में स्मैक लेकर बस के जरिए अररिया के रास्ते माल खपाने जा रहे हैं. सूचना के आधार पर नगर थाना पुलिस ने टोल गेट के पास जाल बिछाया और संदिग्ध बस को रोककर दोनों को दबोच लिया.
गिरफ्तार गुड्डू कुमार का रहा है आपराधिक इतिहास, बिहरा थाने में दर्ज हैं कई केस
एसडीपीओ का बड़ा खुलासा: अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सुशील कुमार ने पत्रकारों को संबोधित करते हुए बताया कि गिरफ्तार तस्करों में से एक, गुड्डू कुमार का पूर्व से ही लंबा आपराधिक इतिहास रहा है. वह शातिर किस्म का अपराधी है और सहरसा के बिहरा थाना में उसके खिलाफ साल 2018 और 2022 में जानलेवा हमला, मारपीट और बिहार मद्य निषेध एवं उत्पाद अधिनियम (शराब तस्करी) के तहत गंभीर मामले दर्ज हैं.
एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज, फॉरवर्ड-बैकवर्ड लिंकेज खंगालने में जुटी पुलिस
इस बड़ी सफलता को अंजाम देने वाली छापेमारी टीम में पुलिस अवर निरीक्षक संजीव कुमार, जितेंद्र प्रसाद और राम लखन चौधरी मुख्य रूप से शामिल थे. पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस जब्ती को लेकर अररिया नगर थाने में एनडीपीएस एक्ट के तहत कांड संख्या 294/26 दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है. पुलिस की विशेष टीम अब इस बात का पता लगा रही है कि स्मैक की यह खेप कहाँ से लाई जा रही थी और अररिया में इसे किसे डिलीवर किया जाना था, ताकि मुख्य सरगना तक पहुंचा जा सके.
