डीएमआइ में लेबर टू लीडरशिप पर कार्यशाला

महिलाएं मजदूर से आगे का रास्ता पकड़ रही हैं. इसमें सबसे अधिक किसी चीज का योगदान है तो वह नेतृत्व क्षमता के विकास का है.

संवाददाता, पटना डेवलपमेंट मैनेजमेंट इंस्टीट्यूट (डीएमआइ), पटना में इंस्पायरिंग माइंडस सीरिज के तहत गुरुवार को लेबर टू लीडरशिप पर कार्यशाला का आयोजन किया गया. इस अभियान से जुड़ी विशेषज्ञ वर्तिका जैनी, आशा जार्ज व ममता प्रजापति ने महिलाओं में नेतृत्व क्षमता के विकास से हो रहे बदलाव और इसकी निरंतरता के लिए जरूरी पहलुओं से शिक्षकों, शोधार्थियों और विद्यार्थियों को अवगत करायी. वर्तिका जैनी ने कहा कि गांव और किसान की बात करने पर महिलाओं की छवि मजदूर के रूप उभरती है. कुछ वर्षों में इसमें तेजी से बदलाव हो रहा है. महिलाएं मजदूर से आगे का रास्ता पकड़ रही हैं. इसमें सबसे अधिक किसी चीज का योगदान है तो वह नेतृत्व क्षमता के विकास का है. लीडर और लीडरशिप के अंतर को बताया. अतिथियों का स्वागत व विषय प्रवेश प्रो गीतिका वार्ष्णेय ने किया. मौके पर निदेशक प्रो देबीप्रसाद मिश्रा आदि मौजूद थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Anurag pradhan

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >