Patna News : पटना नगर निगम कर्मियों की हड़ताल के बीच राजधानी की बिगड़ी सफाई व्यवस्था को लेकर पटना नगर निगम ने बड़ा प्रशासनिक कदम उठाया है. नगर आयुक्त यशपाल मीणा ने प्रेस वार्ता में बताया कि अनुबंध की शर्तों के बावजूद पर्याप्त सफाईकर्मी और ड्राइवर उपलब्ध नहीं कराने वाली तीन आउटसोर्सिंग एजेंसियों पर कुल 22.65 करोड़ रुपये की पेनाल्टी लगाई गई है. निगम ने संबंधित एजेंसियों को 24 घंटे के भीतर स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया है.
24 घंटे में जवाब नहीं तो रद्द होगा अनुबंध
नगर निगम ने मॉर्यन कार्स ऑटो सर्विसेज एलएलपी, वर्चुअस इंडिया प्राइवेट लिमिटेड और एम4 सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड को नोटिस जारी किया है. नगर आयुक्त ने स्पष्ट किया कि यदि एजेंसियों का जवाब संतोषजनक नहीं मिला तो उनका अनुबंध रद्द कर उन्हें ब्लैकलिस्ट किया जाएगा. साथ ही बायोमेट्रिक उपस्थिति के आधार पर आगे भी प्रतिदिन पेनाल्टी लगाने की चेतावनी दी गई है.
सफाई व्यवस्था बहाल करने के लिए वैकल्पिक इंतजाम
शहर में सफाई कार्य प्रभावित न हो, इसके लिए निगम ने सभी वार्डों को आकस्मिक निधि से 10-10 हजार रुपये, यानी कुल 7.5 लाख रुपये आवंटित किए हैं. इसके अलावा प्रत्येक वार्ड में कम से कम 20 अतिरिक्त सफाई कर्मियों की व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं. सफाई निरीक्षकों को जरूरत के अनुसार ड्राइवर सहित जेसीबी, हाइवा, ट्रैक्टर और डंपर किराये पर लेकर सफाई कार्य जारी रखने को कहा गया है.
दो दिनों में करोड़ों की पेनाल्टी
नगर निगम के अनुसार 30 और 31 जुलाई को मानवबल की कमी के कारण एजेंसियों पर भारी जुर्माना लगाया गया.
30 जुलाई की पेनाल्टी
- मॉर्यन कार्स ऑटो सर्विसेज एलएलपी – 11,24,39,100 रुपये
- वर्चुअस इंडिया प्राइवेट लिमिटेड – 4,14,600 रुपये
- एम4 सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड – 3,54,300 रुपये
31 जुलाई की पेनाल्टी
- मॉर्यन कार्स ऑटो सर्विसेज एलएलपी – 11,24,39,100 रुपये
- वर्चुअस इंडिया प्राइवेट लिमिटेड – 4,91,400 रुपये
- एम4 सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड – 4,19,700 रुपये
