हजरत इमाम हुसैन की शहादत की याद में मातम, पटना में निकले ताजिया और मातमी जुलूस

Patna Muharram 2026: यौमे आशूरा पर पटना में हजरत इमाम हुसैन और कर्बला के 72 शहीदों की याद में मातमी जुलूस निकाला गया, जहां अकीदतमंदों ने 'या अली, या हसन, या हुसैन' के नारों के साथ मातम किया. राजधानी के विभिन्न इलाकों में ताजिया और अखाड़े निकले, जबकि पूरे आयोजन के दौरान ड्रोन, सीसीटीवी और भारी पुलिस बल की तैनाती के बीच कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ.

पटना से आनंद तिवारी की रिपोर्ट
Patna Muharram 2026: मुहर्रम महीने की दसवीं तारीख यानी यौमे आशूरा के दिन कर्बला की जंग में सच्चाई और इंसानियत की रक्षा करने के लिए शहीद हजरत इमाम हुसैन समेत 72 लोगों की शहादत याद की गई. यौम-ए-आशूरा के दिन शुक्रवार को ताजिया, सिपहर, झंडे और अलम के साथ मुहर्रम का पारंपरिक अखाड़ा जुलूस निकाला गया. इस दौरान अकीदतमंदों ने ‘या अली, या हसन, या हुसैन’ की आवाज बुलंद की. शहर के अशोक राजपथ पर शाम करीब 6 बजे अखाड़ों का कारवां उमड़ पड़ा, जो पत्थर की मस्जिद होते हुए शाह अरजां स्थित कर्बला पहुंचा. सुरक्षा के लिहाज से पुलिस बल के साथ ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों से चप्पे-चप्पे की निगहबानी की जा रही थी.

कर्बला की तपती रेत पर दी गई कुर्बानी को किया याद

मुहर्रम पर शहर की गलियां देर रात तक शोक और मातम की सदाओं से गूंजती रहीं. इस्लामिक इतिहास के अनुसार, वर्ष 680 ईस्वी में कर्बला की तपती रेत पर पैगंबर हजरत मुहम्मद साहब के नवासे इमाम हुसैन (अ.स.) ने जुल्म और अन्याय के सामने सिर झुकाने के बजाय अपने परिवार और वफादार साथियों के साथ शहादत स्वीकार की थी. उनकी यह महान कुर्बानी पूरी दुनिया के लिए इंसाफ, सब्र, सच्चाई और इंसानियत की सबसे बड़ी मिसाल मानी जाती है. यही वजह है कि मुहर्रम का यह अवसर अत्याचार के खिलाफ संघर्ष और सत्य की जीत का शाश्वत संदेश देता है, जिसे पटना में शिया समुदाय ने अश्कों और अकीदत के साथ याद किया.

फुलवारीशरीफ कर्बला में अखाड़ों का महासंगम

राजधानी के फुलवारीशरीफ में शुक्रवार की शाम से शनिवार की सुबह तक लगातार विभिन्न इलाकों से अखाड़े निकलते रहे. इसमें नया टोला, कर्बला, इसापुर, संगी मस्जिद, ईसा नगर, ताज नगर, चौराहा, मंसूर गली, कसाई मोहल्ला, नोहसा, अलमीजान नगर, खालीलपूरा, सब्जपुरा और टमटम पड़ाव पर अखाड़े जमाए गए, जहां युवाओं ने पारंपरिक युद्ध कलाओं का हैरतअंगेज प्रदर्शन किया. इसके अलावा राजा बाजार, समनपुरा, खाजपुरा, गर्दनीबाग, दमड़िया, चितकोहरा और पहाड़पुर सहित कई अन्य क्षेत्रों से भी अखाड़े फुलवारीशरीफ पहुंचे. वहीं सब्जीबाग, सुल्तानगंज, आलमगंज और पटना सिटी में भी हजारों लोगों की मौजूदगी से माहौल पूरी तरह अकीदत में रंगा दिखा.

इमामबाड़ों में सरबत और खिचड़ा पर हुई फातिहा

मुहर्रम के इस पाक मौके पर विभिन्न इमामबाड़ों में सरबत और खिचड़ा पर विशेष फातिहा पढ़ी गई तथा इसे तबर्रुक के रूप में आम लोगों के बीच अकीदत के साथ वितरित किया गया. कर्बला मैदानों में देर रात तक फातिहा और दुआओं का सिलसिला चलता रहा, जिससे कई स्थानों पर मेले जैसा दृश्य देखने को मिला. लोगों ने सामूहिक रूप से देश में अमन, सलामती और खुशहाली की दुआएं मांगी. इस दौरान उलमाओं ने अपने संबोधन में कहा कि कर्बला का पैगाम आज भी पूरी मानव जाति को यह सिखाता है कि सत्ता और दुनियावी ताकत से बड़ी चीज हमेशा सत्य, न्याय और इंसाफ होती है.

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Published by: Vikash Jha

विकाश झा एक अनुभवी डिजिटल पत्रकार और कंटेंट प्रोफेशनल हैं, जिन्हें मीडिया, डिजिटल कंटेंट और सोशल मीडिया कम्युनिकेशन के क्षेत्र में छह वर्षों से अधिक का अनुभव है। वर्तमान में वह प्रभात खबर में सीनियर कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने पटना यूनिवर्सिटी से मास कम्यूनिकेशन में स्नातक और माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय (MCU), भोपाल से पत्रकारिता में स्नातकोत्तर की शिक्षा प्राप्त की है। पत्रकारिता की शुरुआत वर्ष 2020 में भोपाल से हुई, जिसके बाद उन्होंने ETV Bharat, Bharat Express और News24 जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में विभिन्न जिम्मेदार भूमिकाओं का निर्वहन किया। News24 से आगे बढ़ते हुए उन्होंने Adglobal360 India Pvt. Ltd. के माध्यम से बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) में कंटेंट राइटर के रूप में कार्य किया। स्पोर्ट्स, हाइपरलोकल और पॉलिटिकल पत्रकारिता उनकी विशेष रुचि और विशेषज्ञता के क्षेत्र हैं। क्रिकेट के प्रति उनका गहरा लगाव है और वे क्रिकेट को सिर्फ एक खेल नहीं, बल्कि अपनी लेखनी का महत्वपूर्ण विषय मानते हैं। उन्हें यात्रा करना, नए लोगों और स्थानों को जानना तथा समाज और राजनीति से जुड़े विषयों पर लिखना पसंद है। मूल रूप से बिहार के समस्तीपुर जिले के रहने वाले विकाश डिजिटल मीडिया की तेज रफ्तार दुनिया में तथ्यों पर आधारित, प्रभावशाली और पाठक-केंद्रित कंटेंट तैयार करने के लिए जाने जाते हैं।

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