Patna Airport: पटना एयरपोर्ट के रनवे विस्तार के लिए डीएम को सौंपी गई रिपोर्ट, डिटेल में जानें क्या-क्या होगा बदलाव ?

Patna Airport: पटना एयरपोर्ट को लेकर बड़ा निर्णय लिया गया. इसके रनवे विस्तार के लिए डीएम को रिपोर्ट सौंप दी गई है. उस रिपोर्ट में मापी गई जमीन की विस्तार रूप से ब्योरा दिया गया. साथ ही नजरी नक्शा भी दिया गया है. इसके अलावा भी कई प्रस्ताव रखे गए हैं.

Patna Airport: राजधानी पटना स्थित जयप्रकाश नारायण अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा से जुड़ा बड़ा निर्णय लिया गया है. दरअसल, इसके रनवे के विस्तार को लेकर जिला प्रशासन के 6 अधिकारियों की ओर से विस्तृत रिपोर्ट डीएम त्यागराजन को सौंप दी गई है. दरअसल, वर्तमान के रनवे पर प्लेन की लैंडिंग में पाइलेट्स को परेशानी होती है, जिसके कारण किसी अनहोनी का खतरा बना रहता है. इसे ही देखते हुए पिछले कई सालों से रनवे के विस्तार को लेकर मांग एयरपोर्ट प्रशासन की ओर से की जा रही थी. जिसके बाद अब बड़ा फैसला लिया गया और अधिकारियों की ओर से रिपोर्ट डीएम को सौंप दी गई. जल्द ही इसे राज्य सरकार के पास भी भेजा जा सकता है.

पूर्वी और पश्चिमी हिस्से की इतनी जमीन की जरूरत…

बता दें कि, रनवे का पूरब और पश्चिम दोनों क्षेत्र में विस्तार किया जाना है. एयरपोर्ट प्रशासन की तरफ से करीब सात सौ मीटर जमीन की मांग की गई थी, इसे लेकर भूमि मापन की गई और रिपोर्ट में इसका विस्तार रूप से जिक्र किया गया है. साथ ही नजरी नक्शा भी दिया गया है. रनवे के पूर्वी हिस्से में पांच सौ तथा पश्चिम हिस्से में दो सौ मीटर विस्तारीकरण का प्रस्ताव है. बता दें कि, पूरब में पांच सरकारी आवास, कार्यालय और चिड़ियाखाना के अंदर के कई महत्वपूर्ण चीजें हटानी होगी, जो कि काफी चुनौतीपूर्ण माना जा रहा है. हालांकि, वन एवं पर्यावरण विभाग की ओर से चिड़ियाघर के अंदर के हिस्से को हटाने की सहमति मिल जाती है तो, रनवे का विस्तार आसानी से हो सकता है. बता दें कि, इस मामले में अंतिम निर्णय मंत्रिमंडल सचिवालय की ओर से लिए जाने के बाद ही कुछ हो सकता है.

पटना जू की इतनी जमीन की होगी जरूरत…

पटना एयरपोर्ट के रनवे के विस्तार के लिए चिड़ियाघर के जमीन की बात की जाए तो, रनवे को पूरब दिशा की ओर विस्तार करना है. इस हिस्से में 500 मीटर रनवे को आगे ले जाना है. ऐसे में पटना जू का करीब 15 एकड़ भूमि रनवे के लिए जरूरत होगी. अधिकारियों के मुताबिक, चिड़ियाखाना के गेट नंबर दो के पहले तक का हिस्सा रनवे विस्तार के दायरे में आ रहा है. एयरपोर्ट के बाउंड्री से लेकर पीरअली पथ और चिड़ियाखाना का करीब तीन सौ मीटर जमीन का विस्तारीकरण में जरूरत पड़ेगी.

पटना जू के इस हिस्से को पड़ सकता है हटाना

बता दें कि, रनवे के विस्तार के लिए पटना जू के जिन हिस्सों को हटाने की जरूरत पड़ेगी, उनमें निदेशक का कार्यालय, झील का आधा हिस्सा, मछली घर और लगभग छह सौ पेड़ शामिल है. इन सभी को हटाना पड़ सकता है. लेकिन, यह एक बेहद ही चुनौतीपूर्ण कार्य माना जा रहा है. हालांकि, अधिकारियों की ओर से दी गई रिपोर्ट पर अगर राज्य सरकार की ओर से मंजूरी मिलती है तो, बात बन सकती है.

घंटाघर की लंबाई भी होगी छोटी

चिड़ियाघर के अलावा सचिवालय के घंटाघर को भी छोटा करने का प्रस्ताव है. एयरपोर्ट प्रशासन ने घंटा घर की ऊंचाई अधिक होने के कारण विमानों के लैंडिंग में परेशानी बताया है. फिलहाल, घंटाघर की लंबाई 49.5 मीटर है. जानकारी के मुताबिक, विमानों को तीन की बजाय साढ़े तीन डिग्री पर लैंडिंग करना पड़ रहा है, जो अंतरराष्ट्रीय मानक के अनुसार नहीं है. ऐसे में घंटाघर की लंबाई 17.5 मीटर कम करने की मांग एयरपोर्ट प्रशासन की ओर से की गई है, ताकि विमानों की लैंडिंग रनवे पर आसानी से हो सके.

Also Read: Tej Pratap-Aishwarya Divorce मामले में सुनवाई आज, पिछली तारीख पर ऐश्वर्या के वकील ने मांगी थी मोहलत

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Preeti Dayal

प्रीति दयाल, प्रभात खबर डिजिटल में बतौर कंटेंट राइटर काम कर रहीं हैं. यूट्यूब पोर्टल सिटी पोस्ट लाइव से पत्रकारिता की शुरुआत की. इसके बाद डेलीहंट और दर्श न्यूज जैसे मीडिया संस्थानों में काम कर चुकीं हैं. डिजिटल मीडिया और कंटेंट राइटिंग में साढ़े 3 साल का अनुभव है. खबरें लिखना, वेब कंटेंट तैयार करने और ट्रेंडिंग सब्जेक्ट पर सटीक और प्रभावी खबरें लिखने का काम कर रहीं हैं. प्रीति दयाल ने पत्रकारिता की पढ़ाई संत जेवियर्स कॉलेज ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी से की. इस दौरान पत्रकारिता से जुड़ी कई विधाओं को सीखा. मीडिया संस्थानों में काम करने के दौरान डिजिटल जर्नलिज्म से जुड़े नए टूल्स, तकनीकों और मीडिया ट्रेंड्स को सीखा. पहली बार लोकसभा चुनाव 2024 और बिहार विधानसभा चुनाव 2025 जैसे बड़े चुनावी कवरेज में काम करने का अवसर मिला. इस दौरान बिहार की राजनीति, चुनावी रणनीतियों, राजनीतिक दलों और प्रमुख नेताओं से जुड़े कई प्रभावशाली और पाठकों की रुचि के अनुसार कंटेंट तैयार किए. चुनावी माहौल को समझते हुए राजनीतिक विश्लेषण और ट्रेंडिंग मुद्दों पर आधारित खबरों को आसान और प्रभावी भाषा में तैयार करना कार्यशैली का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा है. कंटेंट रिसर्च, SEO आधारित लेखन, सोशल मीडिया फ्रेंडली कंटेंट तैयार करना और तेजी से बदलते न्यूज वातावरण में काम करना प्रमुख क्षमताओं में शामिल है. बिहार की राजनीति, सामाजिक मुद्दों, सिनेमा और देश-दुनिया की महत्वपूर्ण घटनाओं पर रुचि और समझ है. टीम के साथ बेहतर समन्वय बनाकर काम करना और समय सीमा के अंदर गुणवत्तापूर्ण काम पूरा करना कार्यशैली का हिस्सा है. प्रीति दयाल का उद्देश्य डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में लगातार सीखते हुए अपनी पत्रकारिता कौशल को और बेहतर बनाना और पाठकों तक विश्वसनीय और प्रभावशाली खबरें पहुंचाना है.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >