कैंपस : सीबीएसइ : प्री-प्राइमरी और प्राइमरी के बच्चों को रीजनल लैग्वेंज में पढ़ाने का दिया निर्देश

सीबीएसइ ने देश के सभी स्कूलों को प्री-प्राइमरी और प्राइमरी क्लासेस के बच्चों को लिए रीजनल लैंग्वेज में एजुकेशनल मेटेरियल की मदद से पढ़ाने का निर्देश दिया है.

संवाददाता, पटना सीबीएसइ ने देश के सभी स्कूलों को प्री-प्राइमरी और प्राइमरी क्लासेस के बच्चों को लिए रीजनल लैंग्वेज में एजुकेशनल मेटेरियल की मदद से पढ़ाने का निर्देश दिया है. सीबीएसइ ने हाल ही में इसे लेकर सर्कुलर जारी किया है. इसके मुताबिक स्कूल की शुरुआती शिक्षा बच्चे की मातृभाषा या रीजनल भाषा में ही होनी चाहिए. इसके लिए सीबीएसइ की ओर से खासतौर पर मेटेरियल भी डिजाइन किया जा रहा है. ये मेटेरियल तीन से आठ साल की उम्र के बच्चों के लिए बनाया जा रहा है. इसे लैंग्वेज प्राइमर का नाम दिया गया है. सीबीएसइ ने कहा है कि स्कूलों को नेशनल एजुकेशन पॉलिसी, 2020 और नेशनल करिकुलम फ्रेमवर्क को ध्यान में रखते हुए बन रहे मेटेरियल की मदद से रीजनल भाषाओं में एजुकेशनल पढ़ाई शुरू करने निर्देश दिया है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Prabhat khabar news desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >