पटना : डिप्टी सीएम सुशील कुमार मोदी ने ट्वीट कर कहा है कि भाजपा और जद-यू के बीच चंद वर्षों को छोड़ कर आपसी विश्वास का रिश्ता दो दशक पुराना और जांचा-परखा है. बिहार के विकास, कानून के शासन, महिला सशक्तीकरण, दलितों-पिछड़ों के साथ न्याय, बाल विवाह एवं दहेजप्रथा पर रोक, नशा मुक्ति तथा पर्यावरण रक्छा के लिए जल-जीवन-हरियाली जैसे अभियान पर एनडीए पूरी तरह एकजुट भी है.
नीतीश के नेतृत्व में लड़ेंगे अगला विधानसभा चुनाव - सुशील कुमार मोदी
पटना : डिप्टी सीएम सुशील कुमार मोदी ने ट्वीट कर कहा है कि भाजपा और जद-यू के बीच चंद वर्षों को छोड़ कर आपसी विश्वास का रिश्ता दो दशक पुराना और जांचा-परखा है. बिहार के विकास, कानून के शासन, महिला सशक्तीकरण, दलितों-पिछड़ों के साथ न्याय, बाल विवाह एवं दहेजप्रथा पर रोक, नशा मुक्ति तथा पर्यावरण […]

2020 का विधानसभा चुनाव प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में लड़ा जाना तय है. सीटों के तालमेल का निर्णय दोनों दलों का शीर्ष नेतृत्व समय पर करेगा.
कोई समस्या नहीं है, लेकिन जो लोग किसी विचारधारा के तहत नहीं. बल्कि चुनावी डाटा जुटाने और नारे गढ़ने वाली कंपनी चलाते हुए राजनीति में आ गये, वे गठबंधन धर्म के विरुद्ध बयानबाजी कर विरोधी गठबंधन को फायदा पहुंचाने में लगे हैं. एक लाभकारी धंधे में लगा व्यक्ति पहले अपनी सेवाओं के लिए बाजार तैयार करने में लगता है, देशहित की चिंता बाद में करता है.
उपमुख्यमंत्री ने एक अन्य ट्वीट में कहा है कि अगर नागरिकता कानून का विरोध करने और एनपीआर पर भ्रम फैलाने से देश कमजोर होता है, भारत विरोधी मजबूत होते हैं, विदेशों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की छवि धूमिल होती है, विदेशी निवेशक हाथ खींचते हैं और देश राजनीतिक अस्थिरता की तरफ जाता है, तो ऐसी नकारात्मकता से किसका फायदा होगा. इसमें जिनकी कंपनी को मोटी कमाई दिखती है, वे राजनीतिक चोला ओढ़कर अपना धंधा चमकाने में लगे हैं.
जनता ऐसे लोगों को पहचानती है. उन्होंने कहा कि राबड़ी देवी ने हेमंत सोरेन को बधाई देते हुए झारखंड में सामाजिक न्याय और सद्भाव के नए कीर्तिमान की कामना है. जबकि एक महिला के रूप में वे न अपनी बहू को न्याय दे सकीं और न मुख्यमंत्री के रूप में बिहार में सद्भाव के साथ विकास कर सकी थीं, जिनके पास आचरण का बल नहीं होता, उनके शब्दों का कोई मोल नहीं.