पटना : भाजपा प्रवक्ता राजीव रंजन ने कहा कि पिछले दिनों राजद के नेताओं का जाति-धर्म की राजनीति न करने का दावा वैसा ही है, जैसे भ्रष्टाचार के आरोप में गले तक फंसे हुए कुछ नेताओं का खुद को निर्दोष और ईमानदार बताना. बिहार के किसी छोटे -से बच्चे से भी अगर बिहार के सबसे बड़े जातिवादी दल के बारे में पूछें, तो वह छूटते ही राजद का नाम लेगा.
जाति और धर्म के नाम पर समीकरण बनाना और इनके नाम पर लोगों को लड़ाकर सत्ता हासिल करने वालों में राजद का नाम सबसे ऊपर है. इनके राज में जाति के नाम पर होने वाले नरसंहारों को याद कर अब भी बिहारवासियों के रोंगटे खड़े हो जाते हैं. इनकी राजनीति में से जाति और धर्म निकाल दें, तो इनके पास कुछ बचता ही नहीं.
राजद के नेता यह जान लें कि इनकी यह सारी हकीकत बिहार की जनता भली-भांति जानती है. इसलिए उनको बरगलाने की इनकी कोई कोशिश कभी कामयाब नहीं होने वाली.
