पटना : डिप्टी सीएम सुशील मोदी ने ट्वीट कर कहा है कि महागठबंधन को बांधने वाली गांठें कितनी मजबूत हैं. इसका अंदाजा इसी से लग रहा है कि वे उपचुनाव की पांच सीट आपस में बांटने में ही टूट गये.
2020 में वे 243 सीटों पर फैसला कैसे कर पायेंगे. स्वार्थ की पराकाष्ठा यह कि बड़े भाई बनने वाले दल ने सभी चार सीटें अपने नाम कर लीं और सहयोगी दलों को ठेंगा दिखा दिया. दूसरी तरफ कांग्रेस है, जो अपमान के घूंट पीकर लालू प्रसाद की बंधुआ मजदूर बनी हुई है.
