पटना : राजधानी में तीन दिन पहले हुई बारिश का पानी निकला भी नहीं था और शनिवार को डेढ़ घंटे हुई झमाझम बारिश में दुबारा जलजमाव की समस्या बन गयी. बारिश के बाद दर्जनों सड़कों व मुहल्ले फिर जलमग्न हो गये. जलजमाव की समस्या बनने से सड़कों से आने-जाने वाले लोगों और मुहल्लों के लोग परेशान होने लगे.
खासकर, गांधी मैदान, छज्जूबाग, पूर्वी-पश्चिमी लोहानीपुर, लंगर टोली, बिड़ला मंदिर रोड, दरियापुर, करबिगहिया, बर्फ कोठी, जनता रोड, नया टोला आदि इलाकों में लोगों को ज्यादा परेशानी झेलनी पड़ी.
दोबारा हो गया जलजमाव
मंगलवार की रात में हुई बारिश के बाद कदमकुआं के बुद्ध मूर्ति, कांग्रेस मैदान और लोहानीपुर जाने वाली सड़कों पर शुक्रवार तक जलजमाव की समस्या बनी थी. इन सड़कों पर दोबारा जलजमाव की समस्या हो गयी. यही स्थिति पूर्वी-पश्चिमी लोहानीपुर, राजेंद्र नगर रोड नंबर-दो, लंगर टोली व बिहारी साव लेन की है. इन इलाकों की सड़कों पर दो से ढाई फुट पानी जमा हो गया.
तालाब बनी पाटलिपुत्र कॉलोनी : गंगा नदी में जल स्तर बढ़ने की वजह से पाटलिपुत्र कॉलोनी से पानी नहीं निकल रहा है. पाटलिपुत्र मैदान के साथ साथ कॉलोनी की सभी लिंक सड़कों पर पानी जमा है, जिससे होकर लोग आने-जाने को मजबूर हैं.
डी-वाटरिंग मशीन से भी नहीं मिल रही राहत : निगम प्रशासन ने निर्धारित समय-सीमा में पानी निकालने को लेकर फ्लड डी-वाटरिंग मशीन की खरीदारी की, ताकि जलजमाव वाले इलाके से तत्काल पानी निकाला जा सके. लेकिन, यह मशीन भी शहरवासियों को राहत नहीं पहुंचा रही है.
स्थिति यह है कि बांकीपुर अंचल के नंद नगर कॉलोनी में बुधवार से जलजमाव की समस्या बनी है और डी-वाटरिंग मशीन से पानी निकाला जा रहा है. लेकिन, जलजमाव की समस्या खत्म नहीं हुई है. इस मुहल्ले में शनिवार को हुई बारिश ने मुसीबत और बढ़ा दी है. यही स्थिति संदलपुर, वाचस्पति नगर, पंचवटी कॉलोनी व महावीर कॉलोनी की है.
पीएमसीएच में भी हुआ जलजमाव
पटना. शनिवार को दोपहर बाद हुई बारिश के कारण पीएमसीएच में भी जलजमाव हो गया है. पीएमसीएच के ओपीडी और अाइपीडी में जलजमाव के कारण मरीजों और उनके परिजनों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा. शिशु रोग विभाग के साथ ही प्रसूति विभाग के पास भी जलजमाव देखने को मिला. इससे अस्पताल में आने वाले लोग भी हलकान रहे.
डी-वाटरिंग मशीन की खरीदारी की, ताकि जलजमाव वाले इलाके से पानी निकाला जा सके. पर इससे खास फायदा नहीं मिला.
