मसौढ़ी : पुनपुन अंतरराष्ट्रीय पितृपक्ष मेले के स्वरूप में धीरे-धीरे बदलाव नजर आ रहा है. पुनपुन पितृपक्ष मेले को अंतरराष्ट्रीय मान्यता मिलना सूबे के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के प्रयास का ही प्रतिफल है. उक्त बातें गुरुवार को पुनपुन नदी घाट पर अंतरराष्ट्रीय पितृपक्ष मेले का उद्घाटन करते हुए उद्योग मंत्री श्याम रजक ने कहीं.
उन्होंने इसके लिए पुनपुन वासियों की सराहना करते हुए कहा कि आपकी सक्रिय सहभागिता इस मेले के स्वरूप को और विकसित किया गया है. उन्होंने कहा कि पितृपक्ष की हमारे धर्म में काफी महत्ता है. यही कारण है कि लोग पुनपुन प्रखंड के पुनपुन नदी घाट को धार्मिक व सांस्कृतिक धरोहर के रूप में देखते हैं. उन्होंने पुनपुन वासियों को मेले में आये श्रद्धालुओं के प्रति उनकी तत्परता की काफी सराहना की.
सभा को जिलाधिकारी कुमार रवि ने जिला प्रशासन की ओर से मेले के लिए किये गये इंतजामों को विस्तार से बताया. जिलाधिकारी ने स्थानीय दुकानदारों व ठेला खोमचे वालों से आग्रह किया कि प्रशासन मेला परिसर में साफ-सफाई के प्रति गंभीर है, लेकिन यह केवल प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं है. आपका भी कर्तव्य बनता है कि आप अपनी दुकानों व ठेला खोमचे से निकलने वाले कचरे को एक डस्टबीन या कोई बोरी में इकट्ठा कर एक निश्चित जगह पर फेंके.
इसके लिये उन्होंने एसडीओ को निर्देश भी दिया. सभा को वरीय पुलिस अधीक्षक गरिमा मलिक, प्रखंड प्रमुख गुड़िया कुमारी व एसडीओ संजय कुमार ने भी संबोधित किया. मौके पर सिटी एसपी पूर्वी जितेंद्र कुमार, राजस्व विभाग के अपर समाहर्ता राजीव श्रीवास्तव, आपदा प्रबंधन के अपर समाहर्ता मृत्युंजय कुमार, एसडीपीओ सोनू कुमार राय, पुनपुन मुखिया सतगुरु प्रसाद, पंडा समिति के अध्यक्ष सुदामा पांडेय, बीडीओ सह सीओ अर्शी शाहीन, समाजसेवी मधुसूदन कुमार आदि मौजूद थे .
