सीआइएससीइ का स्कूलों को निर्देश
पटना : आइसीएसइ/ आइएससी स्कूलों में 9 वीं और 11 वीं कक्षाओं के बच्चों को मुख्य वार्षिक परीक्षाओं की भांति इस साल सभी कोर विषयों के विशेष टेस्ट लिये जायेंगे. इसके लिए स्कूलों को एक कॉमन पेपर मिलेगा.
ये टेस्ट स्कूल स्तर पर लिये जायेंगे. संबंधित स्कूल उनका मूल्यांकन कर बोर्ड की भांति रिजल्ट तैयार करेंगे. बोर्ड उनका क्रॉस मूल्यांकन भी करा सकेगा. दरअसल काउंसिल फॉर इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट एग्जामिनेशन (सीआइएससीइ) की मंशा है कि इन कक्षाओं की पढ़ाई भी गंभीरतापूर्वक करायी जाये.
स्कूल कर रहे थे इस तरह की लापरवाहियां : सीआइएससीइ ने यह फैसला कुछ शिकायतों के बाद उठाया है. काउंसिल को शिकायत मिली थी कि कई स्कूल विभिन्न कक्षाओं में उसी कक्षा का पाठ्यक्रम पढ़ाने में रुचि न लेकर दूसरी कक्षाओं मसलन 9 वीं के विद्यार्थियों को 10वीं का और 11 वीं कक्षा के विद्यार्थियों को 12 कक्षा का सिलेबस पढ़ा रहे हैं.
जबकि काउंसिल के नियमों के मुताबिक स्कूलों को प्रत्येक विषय के लिए प्रत्येक कक्षा में निर्धारित सभी विषयों और उनके टॉपिकों को पढ़ाना जरूरी है. नियमानुसार स्कूलों को प्रत्येक अध्याय और उसकी इकाइयों को महत्व देना होगा. फिलहाल जो छात्र अभी कक्षा 9वीं और कक्षा 11वीं में हैं, वे नये सिस्टम के तहत टेस्ट देने वाले पहले बैच के विद्यार्थी होंगे. उनकी वार्षिक बोर्ड परीक्षाएं अगले साल
फरवरी-मार्च में होंगी.
गौरतलब है कि सीआइएससीइ बोर्ड ने पहले 2018-19 में इस नयी प्रणाली को शुरू करने की योजना बनायी थी. बाद में नयी व्यवस्था के लिए स्कूलों को तैयार करने के लिए कार्यान्वयन को एक वर्ष के लिए टाल दिया गया था.
पटना : सीबीएसइ ने कक्षा 10वीं का कंपार्टमेेंटल रिजल्ट बुधवार को घोषित कर दिया है. इसे सीबीएसइ की आधिकारिक वेबसाइट पर देखा जा सकता है. उल्लेखनीय है कि पटना रीजन में 10वीं की कंपार्टमेंटल परीक्षा में 13789 परीक्षार्थी ने परीक्षा दी थी और समूचे देश में दसवीं की कंपार्टमेंटल परीक्षा में करीब 73,205 छात्रों ने हिस्सा लिया था. वहीं, दो और तीन जुलाई को इसी माह 10वीं कंपार्टमेंटल एक्जाम आयोजित किये गये थे. शनिवार को ही सीबीएसइ ने 12वीं के कंपार्टमेंटल एक्जाम के परिणाम घोषित किये थे.
