नयी दिल्ली / पटना : बिहार में एक्यूट इंसेफेलाइटिस सिंड्रोम (एईएस) और जापानी इंसेफेलाइटिस (जेई) से हो रही बच्चों की मौत को लेकर प्रभावित जिलों में मरीजों को परिवहन के लिए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन ने आठ उन्नत जीवन समर्थन (एएलएस) एंबुलेंस मुहैया कराया है. उन्होंने कहा है कि एईएस और जेई से पीड़ित बच्चों की खोज के लिए हाउस टू हाउस अभियान शुरू किया गया है.
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन ने कहा है कि विशेषज्ञों की आईसीएमआर टीम को जल्द से जल्द वायरोलॉजी लैब का संचालन करने के लिए मुजफ्फरपुर के एसकेएमसीएच अस्पताल में तैनात किया गया है. साथ ही पहले से तैनात मल्टी-डिसिप्लिनरी टीम 2019 में भर्ती और इलाजरत एईएस मरीजों के सभी केस रिकॉर्ड्स की समीक्षा कर रही है.
इससे पहले केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने कहा था कि केंद्र की तरफ से हर मुमकिन मदद की जा रही है. उन्होंने माना कि 2014 में उन्होंने 100 बेड के अस्पताल का वादा किया था. हालांकि, वह तीन-चाह महीने ही स्वास्थ्य मंत्री रहे थे. उन्हें नहीं पता कि हालात क्यों नहीं सुधरे.
