पटना सिटी : अगमकुआं रेलवे गुमटी के आगे नाले में बीते सोमवार की रात जिस अज्ञात युवती की लाश मिली थी, उसकी पहचान बुधवार को आलमगंज थाना क्षेत्र की गुड़ की मंडी पीतांबरा मंदिर कॉलोनी निवासी सुरेश प्रसाद मेहता की 27 वर्षीया पुत्री सोमिका कुमारी के तौर पर हुई.
पहचान के लिए मृतका का भाई मुकुल कुमार मंगलवार की रात जब गुलजारबाग स्टेशन स्थित जीआरपी पहुंचा, तो उसने पुलिस को बताया कि बहन के साथ मां 50 वर्षीया मंजू देवी भी थी. जीआरपी रेल थानाध्यक्ष सुरेश राम ने बताया कि मुकुल के आग्रह पर बुधवार की सुबह में उसी नाला में फिर से तलाशी अभियान चलाया गया, तो जलकुंभी में अटकी हुई मां मंजू देवी की लाश भी मिली.
लाश को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया. पोस्टमार्टम के लाश परिजनों को सौंप दी जायेगी, जबकि कानूनी प्रक्रिया पूरी कर युवती की लाश परिजनों को सौंजीआरपी थानाध्यक्ष ने आशंका जतायी है कि जिस समय मां व बेटी रेलवे ट्रैक पार कर रही होंगी, उसी समय गुजरी किसी ट्रेन के धक्के से दोनों जलकुंभी वाले बड़े नाले में गिर गयीं , जिससे उनकी मौत हो गयी. हालांकि, पोस्टमार्टम रिपोर्ट से ही मौत की वजह स्पष्ट हो पायेगी. इस मामले में भाई मुकुल कुमार ने बताया कि बीते 17 जून की शाम को मां मूंजू देवी बहन सोमिका को लेकर कुम्हरार स्थिति मजार पर चादरपोशी करने के लिए गयी थी.
इसके बाद से दोनों लापता थीं. अपने स्तर से खोजबीन करने के उपरांत मंगलवार को इसकी सूचना आलमगंज थाने को दी, लेकिन पुलिस ने खोजबीन में दिलचस्पी नहीं दिखाई. मंगलवार की रात वाट्सएप पर एक फोटो मिलने पर भाई ने मृत बहन की पहचान की. इसी सूचना के आधार पर बुधवार को आलमगंज थाने के साथ गुलजारबाग जीआरपी ने उसी नाले में तलाशी अभियान चलाया. जहां युवती की लाश मिली थी. सुबह साढ़े दस बजे झाड़ियों के बीच मंजू देवी की लाश मिली.
