पटना : एटीएम लूट कांड में शामिल अपराधियों को पकड़ने में पटना पुलिस चूक गयी है. पुलिस के दावे के मुताबिक अपराधियों की शिनाख्त हो गयी है. दो अपराधियों के बारे में सारी जानकारी जुटाने के बाद पुलिस टीम की प्लानिंग दोनों को दबोचने की थी लेकिन पुलिस के पहुंचने से पहले ही दोनों फरार हो गये. पुलिस सूत्रों कि मानें तो अपराधियों को भनक लग गया था कि पुलिस उनके गिरेबान पर हाथ डालने वाली है.
मतलब कि अपनाें के ही बीच से सूचना लीक हो गयी और अपराधियों तक पहुंच गयी. विभीषण की भूमिका निभाने वाले कुछ लोगों ने अपराधियों को पुलिस से दूर कर दिया है. अब दोबारा गिरफ्तारी के लिए पुलिस प्लानिंग कर रही है.
1. पिछले दिनों पटना पुलिस ने जानीपुर में छापेमारी की थी. जानकारी मिली थी कि मुनचुन और उज्ज्वल अपने गैंग के साथ मौजूद है. पुलिस टीम बेहद करीब थी, लेकिन सूचना लीक हो गयी और अपराधी भाग गये.
2. दुल्हिन बाजार में जटहा गिरोह के अपराधियों को पकड़ने के लिए 9 दिसंबर को पुलिस ने घेराबंदी की थी. लेकिन जटहा सिंह भाग गया.
3. नौबतपुर, बिहटा, दानापुर इलाके में आतंक का पर्याय बन चुका मनोज सिंह को पटना पुलिस ने उसके ही गांव नौबतपुर के शंभूपुर में घेर लिया था, लेकिन सूचना लीक होने के कारण मनोज पुलिस की घेराबंदी को तोड़ने में सफल रहा.
4. विपुल हत्याकांड के आरोपी रूपक मुखिया छापेमारी के दौरान वह भाग गया. पुलिस अधिकारियाें को यह जानकारी मिली थी कि किसी ने सूचना लीक कर दी है.
