पटना : कटिहार जिले के आजमनगर प्रखंड के खरसोता निवासी 28 वर्षीय काजल रसोई में काम करते वक्त गैस सिलिंडर के रिसाव से बुरी तरह झुलस गयी. उसे बचाने के प्रयास में उसके पति दीपक भी जल गये. दीपक के भाई भावेश कुमार ने गंभीर परिस्थिति में 28 दिसंबर को दोनों को पीएमसीएच में भर्ती कराया. काजल 90 फीसदी जल चुकी है. उसके पति दीपक बार-बार पीएमसीएच प्रशासन से आइसीयू की गुहार लगा रहा है. लेकिन, उसकी सुनी नहीं जा रही. फिलहाल दोनों को जनरल वार्ड में रखा गया है.
रो-रो कर मांग रहा पत्नी की जिंदगी की भीख : दीपक को जब पता चला कि उसकी जीवन संगिनी 90 फीसदी जल चुकी है, तो उसकी भावनाएं आंखों के रास्ते आंसू बनकर बहने लगी. खुद भी 60 फीसदी जल चुके दीपक का कहना है कि अगर बर्न वार्ड में जगह नहीं है, तो उसे जनरल वार्ड में ही रखा जाये. लेकिन, पत्नी को आइसीयू में शिफ्ट कर दें. दीपक ने अपने भाई भावेश से इमरजेंसी वार्ड के कंट्रोल रूम में भी संदेश भिजवाया है. डॉक्टरों से खुद भी गुहार लगायी है.
क्या कहता है दीपक का भाई
सिलिंडर में रिसाव के बाद अचानक तेज आग लग गयी जिसमें मेरी भाभी व भाई दोनों चपेट में आ गये. पहले तो वहीं के एक अस्पताल में ले गये, जहां डॉक्टरों ने पीएमसीएच रेफर कर दिया. पीएमसीएच में जनरल वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया. डॉक्टरों ने 90 प्रतिशत भाभी व भाई को 60 प्रतिशत जला हुआ बताया. गंभीर हालत को देखते हुए कई बार आइसीयू की मांग की गयी.
महिला मरीज गंभीर है और वह 80% बर्न है. उसे ऑक्सीजन लगा हुआ है. जैसे ही जानकारी मिली, मामले की पड़ताल कराया और आइसीयू में बेड उपलब्ध कराने को कहा.
डॉ राजीव रंजन प्रसाद, अधीक्षक पीएमसीएच
