छह छात्रों पर एफआईआर का मामला
पटना : आर्ट कॉलेज के छह स्टूडेंट्स पर एफआईआर दर्ज होने के बाद मामला बिगड़ गया है. इस घटना के बाद यूनिवर्सिटी प्रशासन का विरोध शुरू हो गया है. वहीं कॉलेज के स्टूडेंट्स एकजुट हो गये है. कॉलेज का माहौल बदल गया है. वहीं छह में दो स्टूडेंट्स सिक्स सेमेस्टर के हैं.
लेकिन पीयू छात्र अनुशासन समिति ने छठे सेमेस्टर के दोनों स्टूडेंट को अगले सेमेस्टर में एडमिशन लेने पर रोक लगा दी है. इसके साथ पांच हजार रुपये जुर्माना, रिजल्ट पर रोक के साथ एफआईआर दर्ज करने को भी कहा है. इस फैसले का विरोध छठे सेमेस्टर के सभी स्टूडेंट्स ने शुरू कर दिया है. छात्रों ने कहा है कि पहले इन दोनों छात्रों को अगले सत्र में एडमिशन लेने की अनुमति दी जाये. अनुमति मिलने के बाद ही सभी लोग सातवें सेमेस्टर में एडमिशन लेंगे. सभी स्टूडेंट्स के इस फैसले से माहौल बदल गया है. एआईएसएफ के सुशील ने कहा कि इस मामले का विरोध जारी है. प्रॉक्टर से बातचीत हुई है. मामले का रिव्यू किया जायेगा. ऐसा आश्वासन मिला है. चुनाव ले बाद इस प्रक्रिया में काम शुरू होगा. इस संबंध में लगतार कॉलेज और यूनिवर्सिटी प्रशासन से बातचीत हो रही है.
यूनिवर्सिटी का फैसला बिल्कुल गलत
आर्ट कॉलेज एलुमनाई एसोशिएशन के पदाधिकारी और वरिष्ठ कलाकार बीरेंद्र सिंह से कहा कि पीयू का फैसला एकतरफा है. इस तरह की शिकायतों पर यूनिवर्सिटी प्रशासन को पहले जांच करनी चाहिए. स्टूडेंट्स कोई आतंकी गतिविधियों को अंजाम नहीं दिया है जो इस तरह का फैसला लिया गया. थोड़ा सोचना चाहिए था. पहली शिकायत में ही इस तरह का फैसला उचित नहीं है. जल्द से इस फैसले को रद्द किया जाये.
