पटना : प्रदेश भाजपा की ओर से अधिवेशन भवन में अटल जी की स्मृति में आयोजित ‘काव्यांजलि’ के शुभारंभ के पूर्व श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि पंडित नेहरू और इंदिरा गांधी के बाद अटल जी पहले गैर कांग्रेसी प्रधानमंत्री थे जिन्हें जनता ने चुना था.
2008 के बाद अस्वस्थता की वजह से वे लोकदृष्टि से ओझल रहे, किसी ने अटल जी की आवाज नहीं सुनी, मगर उनकी शवयात्रा में लाखों की उमड़ी भीड़ उनकी असीम लोकप्रियता का परिचायक थी.
राजनीति में नहीं आते तो दिनकर जैसे बड़े कवि होते
उन्होंने कहा कि अटल जी का बिहार से गहरा लगाव था. वे अक्सर कहा करते थे कि आप तो बिहारी है, मैं अटल बिहारी हूं. केंद्रीय कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा कि अटल जी अगर राजनीति में नहीं आते तो दिनकर जैसे बड़े कवि होते. काव्यांजलि समारोह में पथ निर्माण मंत्री नंद किशोर यादव व स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय ने भी अपनी श्रद्धांजलि दी.
इस मौके पर केंद्रीय राज्य मंत्री रामकृपाल यादव, सांसद आर के सिन्हा , विधायक अरूण कुमार सिन्हा कई लोग मौजूद थे. प्रसिद्ध कवि डॉ बुद्धिनाथ मिश्र, डॉ सुनील योगी, प्रख्यात मिश्रा, किरण धई, आदि ने अपनी रचनाओं से अटल जी को श्रद्धा सुमन अर्पित किया.
