Hishua candle march: हिसुआ थाना क्षेत्र के पांचूगढ़ में हुए चर्चित प्रणय कुमार भारती उर्फ पीयूष हत्याकांड के विरोध में रविवार को हिसुआ में भारी आक्रोश देखने को मिला. चंद्रवंशी समाज के नेताओं के नेतृत्व में हजारों लोगों ने शहर में विशाल कैंडल मार्च निकाला. मार्च में कई संस्थाओं और विभिन्न समाज के लोगों ने हिस्सा लिया. प्रदर्शनकारियों ने हाथों में कैंडल और न्याय की मांग वाली तख्तियां लेकर हत्यारों की गिरफ्तारी और कड़ी सजा की मांग की.
पांचूगढ़ से विश्वशांति चौक तक निकला मार्च
कैंडल मार्च हिसुआ के पांचूगढ़ स्थित चंद्रवंशी भवन से शुरू हुआ और हिसुआ-नवादा पथ होते हुए पांचू विश्वशांति चौक पहुंचा, जहां मार्च सभा में तब्दील हो गया. इस दौरान लोगों ने हत्यारों को फांसी देने की मांग को लेकर नारे लगाये. दोपहर से ही पांचूगढ़ दुर्गा मंडप के समीप सभा का आयोजन किया गया था. इसमें प्रदेश से पहुंचे चंद्रवंशी समाज के नेताओं के साथ अन्य समाज के प्रतिनिधियों ने भी अपनी बात रखी.
परिवार को सुरक्षा और न्याय की मांग
कैंडल मार्च में शामिल लोगों ने प्रशासन के सामने चार प्रमुख मांगें रखीं. प्रदर्शनकारियों ने प्रणय भारती के हत्यारों को जल्द गिरफ्तार कर फांसी की सजा देने, पीड़ित परिवार को आत्मरक्षा के लिए आर्म्स लाइसेंस देने, मृतक के परिवार को एक करोड़ रुपये का मुआवजा देने और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की मांग की.
प्रदर्शनकारियों का कहना था कि दिनदहाड़े हुई हत्या से पूरे समाज में दहशत का माहौल है. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द न्याय नहीं मिला तो आंदोलन को और व्यापक किया जायेगा.
कई प्रमुख नेता और सामाजिक कार्यकर्ता हुए शामिल
कैंडल मार्च में नवादा के पूर्व मंत्री राजवल्लभ प्रसाद यादव, हम पार्टी के नेता लव कुश कुमार चंद्रवंशी, प्रसिद्ध दंत चिकित्सक व जदयू के प्रदेश महासचिव डॉ. धर्मेंद्र चंद्रवंशी, कुम्हरार पटना के इंद्रजीत चंद्रवंशी, जदयू के राज्य परिषद सदस्य नरेंद्र चंद्रवंशी, डेहरी आरजेडी विधायक प्रत्याशी गुड्डू चंद्रवंशी, चंद्रवंशी चेतना मंच के चंदन चंद्रवंशी, अशोक चंद्रवंशी, अमोद चंद्रवंशी, सुबोध कपूर, अमित सिंह, मंगल चंद्रवंशी, भीम आर्मी के प्रदेश अध्यक्ष अमर ज्योति, प्रदेश नेता निशांत चौधरी और जिला अध्यक्ष धर्मेंद्र राजवंशी समेत हजारों कार्यकर्ता मौजूद रहे.
क्या है पूरा मामला
गौरतलब है कि बीते एक सितंबर को हिसुआ के टीएस कॉलेज के पास बाइक सटने को लेकर मामूली विवाद हुआ था. आरोप है कि इसके बाद बगोदर गांव के दो दर्जन से अधिक युवक दो चारपहिया वाहनों और एक बुलेट से पांचूगढ़ मोहल्ले में पहुंचे और ताबड़तोड़ फायरिंग की. इस गोलीबारी में पांचूगढ़ निवासी मनीष भारती के 22 वर्षीय पुत्र प्रणय कुमार भारती उर्फ पीयूष की मौत हो गयी थी.
घटना के बाद पुलिस ने मौके से एक स्कॉर्पियो, एक ब्रेजा और एक बुलेट बाइक जब्त की थी. दूसरे पक्ष के दो लोगों को भी गोली लगी है, जिनका पुलिस अभिरक्षा में इलाज चल रहा है.
एसआईटी कर रही मामले की जांच
फिलहाल मगध रेंज के आईजी विकास वैभव ने मामले की एसआईटी जांच के आदेश दिये हैं. पुलिस का कहना है कि आरोपियों की पहचान कर ली गयी है और उनकी गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई की जा रही है.
