गोविंदपुर पंचायत के हरनारायणपुर गांव में गुरुवार सुबह बिजली की चपेट में आने से एक दुधारू भैंस की मौत हो गयी. इस घटना के बाद पशुपालक उपेंद्र यादव के परिवार में मातम पसरा है. गनीमत रही कि दो अन्य पशु करंट की चपेट में आने से बाल-बाल बच गये. जानकारी के अनुसार, उपेंद्र यादव प्रतिदिन की तरह सुबह भैंस का दूध निकालने के बाद उसे चराने के लिए बाहर निकाल रहे थे. इसी दौरान घर के समीप बिजली खंभे के संपर्क में आते ही भैंस की घटनास्थल पर ही मौत हो गयी. ग्रामीणों के अनुसार, खंभे में लगे अर्थिंग तार में करंट प्रवाहित हो रहा था. आक्रोशित लोगों का कहना है कि यदि कोई व्यक्ति इसकी चपेट में आता, तो बड़ा हादसा हो सकता था. ग्रामीणों ने भविष्य में ऐसी घटना रोकने के लिए तत्काल अर्थिंग तार को काटकर वहां से हटाया.
मुआवजे की मांग
पीड़ित किसान उपेंद्र यादव ने बताया कि दुधारू भैंस के दूध से ही उनके परिवार का जीविकोपार्जन चलता था. भैंस की असमय मौत से परिवार पर आर्थिक संकट खड़ा हो गया है. उन्होंने बिजली विभाग से उचित मुआवजे की गुहार लगायी है.
विभागीय प्रतिक्रिया:
इस संबंध में बिजली विभाग के जेई भरत शर्मा ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और थाने में सनहा दर्ज होने के बाद मुआवजा प्रक्रिया शुरू की जायेगी. वहीं, पशु चिकित्सक हरेंद्र कुमार ने कहा कि घटनास्थल का जायजा लेकर मौत की परिस्थितियों की जांच की जायेगी. ग्रामीणों ने प्रशासन से बिजली व्यवस्था दुरुस्त करने और पीड़ित को शीघ्र राहत दिलाने की मांग की है.