Toll tax survey State Highway: मुजफ्फरपुर जिले के दो महत्वपूर्ण स्टेट हाईवे (एसएच) पर जल्द ही टॉल टैक्स की वसूली शुरू होने वाली है. बिहार राज्य पथ विकास निगम (BSRDCL) की ओर से इन सड़कों पर टॉल की दरें निर्धारित करने और टॉल प्लाजा स्थापित करने के लिए पिछले 15 दिनों से लगातार सर्वे कराया जा रहा है.ये दोनों महत्वपूर्ण सड़कें पथ निर्माण विभाग (RCD) पूर्वी प्रमंडल-वन के अधिकार क्षेत्र में आती हैं.
अत्याधुनिक कैमरों से हो रही निजी और व्यावसायिक वाहनों की गिनती
आरसीडी प्रमंडल वन के कार्यपालक अभियंता गणेश जी ने बताया कि दोनों स्टेट हाईवे पर वाहनों के दबाव का आकलन करने के लिए पिछले 15 दिनों से धरातल पर सर्वे का कार्य चल रहा है. इस सर्वे की खासियत यह है कि:
- सटीक डेटा कलेक्शन: सड़कों पर लगाए गए अत्याधुनिक कैमरों की मदद से प्राइवेट और कॉमर्शियल (व्यावसायिक) वाहनों की गिनती अलग-अलग की जा रही है.
- औसत के आधार पर तय होगी दर: दोनों श्रेणियों के वाहनों का अलग-अलग डेटा तैयार करने के बाद, वाहनों की इस सटीक संख्या का औसत निकाला जाएगा. इसी औसत के आधार पर ही टॉल टैक्स की दरें निर्धारित की जाएंगी.
इन दो व्यस्त स्टेट हाईवे पर लगेगा टॉल
- स्टेट हाईवे-86 (SH-86): यह सड़क मोतीपुर से सरैया के बीच बनी है, जो स्थानीय परिवहन और व्यापार के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण है.
- स्टेट हाईवे-74 (SH-74): यह मुख्य मार्ग हाजीपुर के अंजानपीर से शुरू होकर लालगंज, वैशाली और मुजफ्फरपुर के मणिकपुर होते हुए अरेराज (पूर्वी चंपारण) तक जाता है.
सर्वे की रिपोर्ट आने के बाद तय होगी टॉल प्लाजा की जगह
आरसीडी के अधीक्षण अभियंता अंजनी कुमार ने बताया कि फिलहाल वाहनों की संख्या और उनके प्रकार का पता लगाने के लिए सर्वे का कार्य तेजी से चल रहा है. इस सर्वे की अंतिम रिपोर्ट आने के बाद विभाग यह तय करेगा कि दोनों सड़कों पर किस स्थान पर टॉल प्लाजा का निर्माण कराया जाए, ताकि वाहनों का परिचालन सुचारु रहे और राजस्व संग्रह भी प्रभावी ढंग से हो सके.
