Muzaffarpur News:आधार कार्ड बनवाने या उसमें सुधार कराने के लिए अब ग्रामीणों को शहर की दौड़ नहीं लगानी होगी और न ही घंटों लंबी कतारों में खड़ा होना पड़ेगा. आम लोगों की परेशानियों को देखते हुए पंचायती राज विभाग ने एक बड़ा निर्णय लिया है. अब राज्य के पंचायत सरकार भवनों पर ही आधार सेवा केंद्र स्थापित किए जाएंगे. पहले चरण में प्रदेश के दो हजार पंचायत सरकार भवनों को इस सेवा के लिए चुना गया है, जिसमें मुजफ्फरपुर जिले की करीब 50 पंचायतें शामिल हैं.
दो हजार पंचायतों में पहले फेज की शुरुआत
विभाग के विशेष कार्य पदाधिकारी ने इस संबंध में सभी जिला पंचायती राज पदाधिकारियों को निर्देश जारी कर दिए हैं. चिह्नित किए गए भवनों की सूची जिलों को भेज दी गई है. इन केंद्रों को सुचारू रूप से चलाने के लिए कंप्यूटर, प्रिंटर के साथ-साथ बायोमेट्रिक डिवाइस जैसे फिंगर प्रिंटर और आई स्कैनर मशीन की खरीदारी की प्रक्रिया शुरू करने को कहा गया है. इन उपकरणों की खरीद ‘राष्ट्रीय ग्राम स्वरोजगार योजना’ के मद से की जाएगी.
निर्माणाधीन भवनों में एक माह के भीतर तैयारी का लक्ष्य
मुजफ्फरपुर समेत अन्य जिलों में जिन भवनों का चयन किया गया है, उनमें से कई अभी निर्माणाधीन हैं. अधिकारियों के अनुसार, इन भवनों को पूरा होने में लगभग एक महीने का समय लग सकता है. विभाग ने निर्देश दिया है कि भवन निर्माण कार्य पूरा होने के दौरान ही तकनीकी उपकरणों के क्रय की प्रक्रिया पूरी कर ली जाए, ताकि जैसे ही भवन तैयार हो, वहां आधार सेवा केंद्र का संचालन शुरू किया जा सके.
गांवों में चलेगा जागरूकता अभियान
पंचायत स्तर पर यह सुविधा शुरू होने से ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों के समय और पैसे दोनों की बचत होगी. विभाग ने कर्मियों को निर्देश दिया है कि वे गांव-गांव जाकर लोगों को इस नई सुविधा के प्रति जागरूक करें.आधार केंद्रों पर होने वाली भारी भीड़ से लोगों को निजात मिलेगी. सुधार, नया आधार और बायोमेट्रिक अपडेट अब पंचायत भवन में ही संभव होगा. ग्रामीण इलाकों में सरकारी सेवाओं की पहुंच आसान होगी.
मुजफ्फरपुर से मुख्य संवाददाता प्रभात कुमार की रिपोर्ट
