Muzaffarpur News: सूबे के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने गुरुवार को स्थानीय परिसदन में जिले के शिक्षा अधिकारियों के साथ एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की. इस दौरान उन्होंने कांटी प्रखंड में मध्याह्न भोजन (एमडीएम) में कीड़ा मिलने की घटना पर गहरी नाराजगी जताई. मंत्री ने जिला शिक्षा पदाधिकारी (डीइओ) को सख्त निर्देश दिया कि भोजन आपूर्ति करने वाली संबंधित एनजीओ/एजेंसी को तुरंत चिन्हित कर उसे काली सूची (ब्लैकलिस्ट) में डाला जाए. उन्होंने कहा कि बच्चों की सेहत से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं होगा और भोजन सामग्री के तौल में पूरी पारदर्शिता बरती जाए.
बिना भवन वाले स्कूलों की मांगी सूची, सिंगल विंडो सिस्टम होगा लागू
शिक्षा मंत्री ने जिले में बिना भवन के चल रहे सरकारी स्कूलों की सूची भी तलब की है. उन्होंने शिक्षकों की सहूलियत के लिए एक बड़ा कदम उठाते हुए आरडीडीइ (RDDE) और जिला शिक्षा कार्यालय में ‘सिंगल विंडो सिस्टम’ (एकल खिड़की व्यवस्था) लागू करने का निर्देश दिया. इस व्यवस्था के शुरू होने से अपनी समस्याओं को लेकर आने वाले शिक्षकों को अलग-अलग काउंटरों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे और उनकी शिकायतों का निवारण एक ही जगह से हो सकेगा.
मॉडल स्कूलों में नहीं होनी चाहिए संसाधनों की कमी
बैठक में मंत्री ने मुजफ्फरपुर शहर सहित प्रत्येक प्रखंड में चुने गए मॉडल स्कूलों की भी समीक्षा की. उन्होंने अधिकारियों से कहा कि यदि इन मॉडल स्कूलों में किसी भी प्रकार के संसाधन या सुविधा की कमी है, तो उन्हें तुरंत अवगत कराएं. मॉडल स्कूलों के संचालन में किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं होनी चाहिए. बैठक में मुख्य रूप से जिला शिक्षा पदाधिकारी कुमार अरविंद सिन्हा, कार्यक्रम प्रबंधक सहित शिक्षा विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे.
मुजफ्फरपुर से विनय की रिपोर्ट
