सीओ जमीन की मापी के आवेदन की खुद करेंगे मॉनिटरिंग

CO will himself monitor

मुख्य संवाददाता, मुजफ्फरपुर

राजस्व कर्मचारियों के स्तर से बड़े पैमाने पर मापी कार्य को लंबित रखने पर राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने इसमें बदलाव किया है. मापी के लिए सीओ को अब राजस्व कर्मचारियों की रिपोर्ट का इंतजार नहीं करना होगा. वे स्वयं जमीन मापी के आवेदनों को स्वीकृत और अस्वीकृत करने का निर्णय लेंगे. साथ ही तिथि का निर्धारण करते हुए मापी कार्य को पूरा करायेंगे. पूरी प्रक्रिया भी ऑनलाइन कर दी गयी है. भू-धारी आनलाइन मोड में ही मापी के लिए आवेदन करेंगे. इसके बाद सीओ स्वयं निर्णय लेंगे. आफलाइन आवेदन स्वीकार नहीं होगा. अगर कोई भू-धारी आफलाइन आवेदन देगा तो इसे भी पहले ऑनलाइन करना होगा. तभी सीओ स्वीकृति देंगे. राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के अपर सचिव ने सभी समाहर्ताओं को इससे अवगत करा दिया है. इसी अनुसार अब आगे कार्य कराने का अनुरोध किया है. बताया गया कि पिछले दिनों ई-मापी को लेकर मुख्यालय में समीक्षा हुई थी. इस दौरान पाया गया कि राजस्व कर्मचारियों के स्तर पर बड़े पैमाने पर मामला को लंबित रखा गया है, क्योंकि पहले यह नियम था कि राजस्व कर्मचारी की रिपोर्ट के आधार पर ही सीओ इसकी स्वीकृति देंगे, लेकिन देखा गया कि राज्यभर में अधिक मामले लंबित है. इस कारण भूमि विवाद की भी संभावना भी बनी रहती है. इसे देखते हुए विभाग ने ये बदलाव किया है.

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By Prabhat Khabar News Desk

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