Muzaffarpur News: नेपाल के तराई क्षेत्र में लगातार हो रही बारिश का असर अब बूढ़ी गंडक नदी पर भी दिखाई देने लगा है. पिछले दो-तीन दिनों से नदी के जलस्तर में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है, जिससे नदी किनारे के लोगों और किसानों ने राहत की सांस ली है.
15 दिन पहले सूखने जैसी थी स्थिति
करीब 15 दिन पहले बूढ़ी गंडक नदी की स्थिति बेहद खराब थी. कई स्थानों पर पानी की गहराई मात्र दो से चार फीट रह गई थी और नदी का तल साफ दिखाई देने लगा था. हालात ऐसे थे कि लोग बिना तैरे ही पैदल नदी पार कर रहे थे.
पीरापुर के मुखिया गुड्डू कुमार, सिमरा के मुखिया पवन कुमार, समाजसेवी नरेश कुशवाहा तथा चंदेश्वर प्रसाद वर्मा ने बताया कि उस समय नदी लगभग सूखने की कगार पर पहुंच गई थी.
किसानों को सिंचाई संकट से मिली राहत
नदी में पानी कम होने के कारण नदी किनारे की ढाब (दियारा) भूमि में सब्जी और अन्य नकदी फसलों की खेती करने वाले किसानों के सामने सिंचाई का गंभीर संकट उत्पन्न हो गया था.
हालांकि, नेपाल में हुई बारिश के बाद बूढ़ी गंडक नदी के जलस्तर में धीरे-धीरे बढ़ोतरी होने लगी है. इससे नदी की रौनक लौट आई है और किसानों को सिंचाई के लिए पानी मिलने की उम्मीद जगी है. स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि जलस्तर इसी तरह बना रहा तो खेती-किसानी को काफी लाभ मिलेगा.
