बदहाल डोर-टू-डोर कचरा संग्रह व्यवस्था के बीच यूजर चार्ज वसूल रहा निगम, विरोध शुरू

मुंगेर नगर निगम स्वच्छ भारत मिशन के तहत शहरवासियों से डोर-टू-डोर कचरा संग्रह के लिए यूजर चार्ज (उपयोग शुल्क) वसूल रहा है, जबकि अधिकांश शहरवासियों को इसका पता ही नहीं है.

मुंगेर. मुंगेर नगर निगम स्वच्छ भारत मिशन के तहत शहरवासियों से डोर-टू-डोर कचरा संग्रह के लिए यूजर चार्ज (उपयोग शुल्क) वसूल रहा है, जबकि अधिकांश शहरवासियों को इसका पता ही नहीं है. अब मार्च का महीना चल रहा है और वित्तीय वर्ष समाप्ति की ओर है. शहरवासी होल्डिंग टैक्स जमा करने के लिए निगम पहुंच रहे हैं तो उससे एक साल का 360 रुपये यूजर चार्ज के रूप में वसूल की जा रही है. बदहाल डोर-टू-डोर कचरा संग्रह की बदहाल व्यवस्था के बीच यूजर चार्ज वसूली का अब विरोध शुरू हो गया है.

नगर विकास एवं आवास विभाग ने स्वच्छ भारत मिशन के तहत शहरी क्षेत्रों में डोर-टू-डोर कचरा संग्रह के लिए यूजर चार्ज (उपयोग शुल्क) की अनिवार्य वसूली का निर्देश दिया गया था. यह शुल्क आवासीय, व्यावसायिक, विवाह भवनों और होटलों से कूड़ा उठाव के लिए अलग-अलग दरों पर नगर निगम मुंगेर द्वारा वसूला जा रहा है. आवासीय घर से 30 रुपये महीना अथवा 360 रुपये साल वसूल किया जा रहा है, जबकि छोटी दुकान/मिठाई दुकान से 100 प्रति माह, रेस्टोरेंट, होटल, गेस्ट हाउस, बैंक, कोचिंग से 500 प्रति माह, अस्पताल से 1500 से 2500 तक (बेड की संख्या के आधार पर) प्रति माह, गोदाम/कोल्ड स्टोरेज 1000 प्रति माह एवं मैरेज हॉल-ट्रेड फेयर से 2500 से 5000 प्रति माह वसूल किया जा रहा है.

यूजर चार्ज वसूली का होने लगा विरोध

नगर निगम ने नए प्रावधान के तहत हाउस टैक्स में जोड़ कर नगरवासियों से यूजर चार्ज वसूली रही है. जिसका लोगों ने विरोध शुरू कर दिया है. शहरवासियों का कहना है कि सुविधा के नाम पर निगम प्रशासन भवन स्वामियों को ठग रही है. कूड़ा गाड़ी आए या न आए, निवासियों को वार्षिक यूजर चार्ज हाउस टैक्स के साथ देना पड़ रहा है. शहर के बेलन बाजार श्रीकृष्णा रोड निवासी त्रिपुरारी सिंह ने इस मामले को लेकर आपत्ति जताते हुए नगर आयुक्त को लिखित शिकायत किया है. उन्होंने कहा है कि यूजर चार्ज पूरी तरह से जबरन वसूला जाने वाला टैक्स है. नगर निगम में 45 वार्ड हैं, लेकिन हर वार्ड में डोर-टू-डोर कचरा उठाव के लिए वाहन नहीं पहुंचती है. रविवार और छुट्टी के दिनों में यह व्यवस्था ठप रहती है. बारिश के दिनों में भी यह व्यवस्था ठप हो जाती है, लेकिन निगम प्रशासन यूजर चार्ज वसूली करना नहीं भूल रही है. कुछ शहरवासियों ने कहा कि मुंगेर नगर निगम का सबसे अधिक होल्डिंग टैक्स है, बावजूद यूजर चार्ज वसूली करना रंगदारी है.

नगर आयुक्त को लिखा पत्र

त्रिपुरारी सिंह ने नगर आयुक्त को पत्र लिख कर होल्डिंग टैक्स के अलावा अतिरिक्त वार्षिक 360 रुपये की वसूली बंद करने की मांग की है. उन्होंने कहा कि वित्तीय वर्ष 2024-25 का होल्डिंग टैक्स जमा किया जा चुका है. किंतु वित्तीय वर्ष 2025-26 के चालान में होल्डिंग टैक्स जमा करते समय निर्धारित एनजीओ कंपनी के माध्यम से होल्डिंग टैक्स के अलावा 360 रुपये की राशि सफाई शुल्क के नाम पर लिया जा रहा है, जबकि होल्डिंग टैक्स के अंतर्गत सफाई, पानी आदि की व्यवस्था पहले से ही होती है. फिर अलग से सफाई के नाम पर अतिरिक्त 360 रुपये वसूल करना उचित नहीं है. इसलिए इसलिए इस वसूली पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाया जाय.

होल्डिंग टैक्स के अतिरिक्त यूजर चार्ज वसूल करने का निर्देश विभाग से प्राप्त है. नगर निगम बोर्ड ने भी इसको पास किया है. जिसके कारण यूजर चार्ज की वसूली की जा रही है.

पार्थ गुप्ता, नगर आयुक्तB

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Birendra kumar sing

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >