मुंगेर. जिले के कालाजार प्रभावित चिह्नित चार प्रखंडों के 15 गांव में प्रथम चरण में कालाजार से बचाव को लेकर 18 से फरवरी से दवा छिड़काव का कार्य आरंभ होगा. जो 29 अप्रैल तक चलेगा. जिला वैक्टर जनित रोग नियंत्रण पदाधिकारी डाॅ राम प्रवेश ने बताया कि कालाजार प्रभावित चिह्नित सदर प्रखंड के 1,401 घर, बरियारपुर के 3272 घर, धरहरा के 523 व हवेली खड़गपुर के 304 घरों में 18 फरवरी से 29 अप्रैल तक दवा छिड़काव का कार्य चलेगा. इसे लेकर शनिवार को जिला वेक्टर जनित रोग नियंत्रण कार्यालय में छिड़काव कर्मियों को प्रशिक्षण दिया गया. प्रशिक्षण में बताया गया कि कालाजार प्रभावित गांव के सभी घरों में 6 फीट की उंचाई तक सभी कमरों, रसोई घर, गौशाला और बरामदा में छिड़काव करना है. उन्होंने बताया कि कालाजार बालू मक्खी के काटने से होता है. दो सप्ताह या उससे अधिक समय से बुखार और उपचार के बाद भी बुखार ठीक नहीं होना, भूख की कमी, खून की कमी, चमड़े का रंग काला होना आदि इसका मुख्य लक्षण है. कालाजार की जांच व इलाज सदर अस्पताल के अलावा सभी स्वास्थ्य केंद्र में उपलब्ध है. इसमें यदि कालाजार के लक्षण किसी मरीज में दिखाई देते हैं तो तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचकर चिकित्सक से परामर्श लें.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
