जमालपुर लोको शेड में एक सितंबर को दो रेल इंजनों की आमने-सामने टक्कर हो गई थी. टक्कर इतनी जोरदार थी कि एक रेल इंजन पटरी से उतर गया था. घटना के बाद रेलवे प्रशासन ने मामले की जांच के लिए कमिटी गठित की थी. अब जांच रिपोर्ट के आधार पर चार रेल कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की गयी है.
जांच रिपोर्ट में चार कर्मचारियों की लापरवाही मानी गयी
जांच कमिटी की रिपोर्ट के आधार पर घटना में चार रेल कर्मचारियों की लापरवाही सामने आने की बात कही गयी है. इसके बाद शंटर आदित्य राज और अमितेश कुमार के अलावा सीनियर टेक्नीशियन विजय कुमार और महेश दास को निलंबित कर दिया गया है. रेलवे की ओर से मामले में आगे की विभागीय कार्रवाई भी की जा रही है.
हेल्पर से शंटिंग और पॉइंट सेटिंग कराने पर यूनियन नाराज
दूसरी ओर, ईस्टर्न रेलवे मेंस यूनियन की ओपन लाइन शाखा ने जमालपुर लोको शेड में हेल्पर से शंटिंग और पॉइंट सेटिंग का काम लिए जाने का विरोध किया है. शाखा सचिव कृष्ण देव यादव ने इसे रेल परिचालन की सुरक्षा से जुड़ा गंभीर मामला बताया है.
यूनियन ने कहा- हेल्पर का काम तकनीकी सहायता देना
कृष्ण देव यादव ने कहा कि लोको शेड में हेल्पर का मुख्य कार्य तकनीकी सहायता उपलब्ध कराना है. उनसे पॉइंट सेटिंग और हाथ सिगनलिंग का काम कराया जाना नियमसंगत नहीं है. उनका कहना है कि इस तरह के संवेदनशील कार्य ऑपरेटिंग विभाग के शंट मैन या पॉइंट्स मैन से ही कराए जाने चाहिए.
बिना प्रशिक्षण संवेदनशील काम कराने पर उठाए सवाल
यूनियन शाखा सचिव ने आरोप लगाया कि बिना पर्याप्त प्रशिक्षण वाले कर्मियों से ट्रेन संचालन से जुड़े संवेदनशील कार्य कराना यात्रियों और रेलकर्मियों की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ है. उन्होंने कहा कि हाल में लोको शेड में हुई इंजन टक्कर की घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर और अधिक सतर्कता की जरूरत है.
आदेश वापस नहीं हुआ तो आंदोलन की चेतावनी
कृष्ण देव यादव ने प्रशासन से हेल्पर से शंटिंग और पॉइंट सेटिंग का काम कराने संबंधी आदेश तत्काल वापस लेने की मांग की है. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन ने इस आपत्तिजनक व्यवस्था को वापस नहीं लिया तो यूनियन तीव्र आंदोलन करने को बाध्य होगी. इसकी पूरी जिम्मेदारी रेल प्रशासन की होगी.
