बिजली कनेक्शन, रोजगार, आवास व भूमि विवाद से जुड़े मामलों पर त्वरित कार्रवाई के निर्देश
मुंगेर. जन समाधान सह जन सुनवाई कार्यक्रम के तहत सोमवार को जिलाधिकारी निखिल धनराज निप्पाणीकर ने आम लोगों की समस्याओं को गंभीरता से सुना व संबंधित पदाधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिये. इस दौरान जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे लोगों ने अपनी-अपनी समस्याएं रखीं.बरियारपुर के घोरघट निवासी परमानंद पासवान ने शिकायत करते हुए बताया कि उन्होंने कृषि पटवन के लिए विद्युत कनेक्शन हेतु आवेदन किया था. इसके बावजूद अब तक उन्हें कनेक्शन नहीं मिला, जबकि हर माह उनके नाम से बिजली बिल भेजा जा रहा है. इस समस्या के कारण वे मानसिक रूप से परेशान हैं. डीएम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभाग को जांच कर शीघ्र समाधान का निर्देश दिया.
वहीं मुंगेर शहर के गुलजार पोखर निवासी वीरेंद्र कुमार ने बताया कि वे पूर्व में मंडल कारा में नाई के रूप में कार्यरत थे, लेकिन कुछ दिन पहले उन्हें हटा दिया गया. उन्होंने पुनः नौकरी पर बहाल करने की अपील की. इस पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया.हवेली खड़गपुर वार्ड संख्या 14 के बनारसी मंडल, रूबी देवी व जानकी देवी ने बताया कि वे दलित समुदाय से है. सरकारी जमीन पर झुग्गी बनाकर रह रही है. उन्होंने वासगीत पर्चा दिलाने की मांग की. डीएम ने इस मामले की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा.
प्राथमिक विद्यालय कंचनगढ़ में कार्यरत शिक्षिका बबीता कुमारी ने शिकायत की कि विद्यालय प्रधान द्वारा उन्हें वरीय शिक्षक का दायित्व दिया जा रहा है, जिसे निभाने में वे स्वयं को अक्षम मानती हैं. इस पर भी संबंधित विभाग को जांच कर उचित निर्णय लेने का निर्देश दिया गया.इसके अलावा भी कई अन्य आवेदनों पर सुनवाई करते हुए जिलाधिकारी ने सभी मामलों की जांच कर समुचित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिये.
आयुक्त ने भी सुनी चार मामलों की समस्याएं
मुंगेर. आयुक्त प्रेम सिंह मीणा ने सोमवार को कार्यालय प्रकोष्ठ में आयोजित जनता दरबार में आम लोगों की समस्याओं की सुनवाई की. इस दौरान मुंगेर जिले से दो, खगड़िया जिले से एक व बेगूसराय जिले से एक आवेदक ने अपनी शिकायतें प्रस्तुत कीं. आयुक्त ने सभी मामलों को ध्यानपूर्वक सुनने के बाद संबंधित पदाधिकारियों को शीघ्र समाधान करने का निर्देश दिया. सुनवाई के दौरान भूमि विवाद सहित अन्य जनहित से जुड़े मामलों पर विशेष रूप से चर्चा की गयी. उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी मामलों का निष्पक्ष जांच कर समयबद्ध तरीके से निपटारा सुनिश्चित किया जाये.
