मुंगेर जिले का ढोल पहाड़ी बनेगा इको टूरिज्म हब, जानिए क्या-क्या मिलेंगी लोगों को सुविधाएं

Bihar Tourism: बिहार के मुंगेर जिले का ढोल पहाड़ी इको टूरिज्म हब बनने वाला है. इसके लिए लगभग 12.49 करोड़ रुपए खर्च किए जायेंगे. ढोल पहाड़ी को पर्यटन, धार्मिक और सामाजिक गतिविधियों के सेंटर के रूप में डेवलप किया जा रहा है.

Bihar Tourism: बिहार का मुंगेर जिला जल्द ही लोगों का फेवरेट टूरिस्ट स्पॉट बन सकता है. जिले का ढोल पहाड़ी इको टूरिज्म हब के रूप में डेवलप होने वाला है. उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बताया कि मुंगेर जिले के असरगंज स्थित ढोल पहाड़ी को इको टूरिज्म के रूप में विकसित करने के लिए 12.49 करोड़ रुपए की स्वीकृति प्रदान की गई है. ढोल पहाड़ी को एक समग्र पर्यटन, धार्मिक और सामाजिक गतिविधियों के केंद्र के रूप में स्थापित किया जाएगा.

सम्राट चौधरी ने क्या बताया?

सम्राट चौधरी ने बताया कि ढोल पहाड़ी का ऐतिहासिक महत्व है. यह स्थान स्वतंत्रता संग्राम के दौरान क्रांतिकारियों का गुप्त अड्डा रहा है, जहां वे अंग्रेजों के खिलाफ रणनीति बनाते थे. अंग्रेजों के आने की सूचना क्रांतिकारी दूसरे क्रांतिकारियों को ढोल बजा कर देते थे. यहां स्थित बाबा मौनीनाथ मंदिर और प्राचीन गुफाएं इसकी धार्मिक और ऐतिहासिक पहचान है.

लोगों के लिए ये सुविधाएं की जायेंगी डेवलप

उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने यह भी बताया कि इस परियोजना के तहत कई महत्वपूर्ण निर्माण कार्य किए जायेंगे. यहां बैंक्वेट हॉल के अलावा पब्लिक टॉयलेट, हाट बाजार, क्राफ्ट शॉप्स और वेंडिंग जोन विकसित किए जायेंगे. जानकारी के मुताबिक, इस जगह की धार्मिक मान्यता होने की वजह से भगवान शिव की प्रतिमा भी लगाई जाएगी. इसके साथ ही बाबा मौनीनाथ मंदिर और प्राचीन गुफाओं को भी पर्यटन सर्किट से जोड़ा जाएगा.

मुंगेर में टूरिज्म को मिलेगा बढ़ावा

डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी के मुताबिक, ढोल पहाड़ी का इस्तेमाल अब तक सुविधाओं की कमी की वजह से नहीं हो पा रहा था. इस परियोजना के पूरा होने से यहां नियमित हाट-बाजार और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित होंगे. इससे स्थानीय लोगों को भी फायदा मिल सकेगा. इसके अलावा जिले में टूरिज्म को बढ़ावा मिल सकेगा. यहां आने वाले पर्यटनों की संख्या में बढ़ोतरी हो सकेगी.

Also Read: दिल्ली के लिए सीएम नीतीश रवाना, संजय झा बोले- 13 तारीख के बाद बनेगी नई सरकार

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Preeti dayal

प्रीति दयाल, बतौर कंटेंट राइटर काम कर रहीं हैं. यूट्यूब पोर्टल से पत्रकारिता की शुरुआत की. इसके बाद कई मीडिया संस्थानों में काम कर चुकीं हैं. डिजिटल मीडिया और कंटेंट राइटिंग में साढ़े 3 साल का अनुभव है. खबरें लिखना, वेब कंटेंट तैयार करने और ट्रेंडिंग सब्जेक्ट पर सटीक और प्रभावी खबरें लिखने का काम कर रहीं हैं.

प्रीति दयाल ने पत्रकारिता की पढ़ाई संत जेवियर्स कॉलेज ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी से की. इस दौरान पत्रकारिता से जुड़ी कई विधाओं को सीखा. मीडिया संस्थानों में काम करने के दौरान डिजिटल जर्नलिज्म से जुड़े नए टूल्स, तकनीकों और मीडिया ट्रेंड्स को सीखा.

पहली बार लोकसभा चुनाव 2024 और बिहार विधानसभा चुनाव 2025 जैसे बड़े चुनावी कवरेज में काम करने का अवसर मिला. इस दौरान बिहार की राजनीति, चुनावी रणनीतियों, राजनीतिक दलों और प्रमुख नेताओं से जुड़े कई प्रभावशाली और पाठकों की रुचि के अनुसार कंटेंट तैयार किए. चुनावी माहौल को समझते हुए राजनीतिक विश्लेषण और ट्रेंडिंग मुद्दों पर आधारित खबरों को आसान और प्रभावी भाषा में तैयार करना कार्यशैली का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा है.

कंटेंट रिसर्च, SEO आधारित लेखन, सोशल मीडिया फ्रेंडली कंटेंट तैयार करना और तेजी से बदलते न्यूज वातावरण में काम करना प्रमुख क्षमताओं में शामिल है. बिहार की राजनीति, सामाजिक मुद्दों, सिनेमा और देश-दुनिया की महत्वपूर्ण घटनाओं पर रुचि और समझ है. टीम के साथ बेहतर समन्वय बनाकर काम करना और समय सीमा के अंदर गुणवत्तापूर्ण काम पूरा करना कार्यशैली का हिस्सा है.

प्रीति दयाल का उद्देश्य डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में लगातार सीखते हुए अपनी पत्रकारिता कौशल को और बेहतर बनाना और पाठकों तक विश्वसनीय और प्रभावशाली खबरें पहुंचाना है.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >