मुंगेर: यूं तो चैत के महीने से ही गरमी का पारा काफी तेजी से बढ़ने लगा़ वहीं अब बैशाख के पहले सप्ताह में ही गरमी से लोगों का जीना मुहाल हो गया है़ प्रचंड धूप के रूप में आसमान से बरस रहे आग से बचने के लिए लोग छांव की तलाश में इधर-उधर भागने लगे हैं. हाल यह है कि लोग दोपहर में अपने घरों से बाहर निकलने से बचने लगे हैं.
शुक्रवार को अधिकतम तापमान 39 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस साल अब तक का सर्वाधिक तापमान है़ धूप की तीखी किरणें तथा शुष्क पछुआ हवा में लोग घर से बाहर निकलने में कतराने लगे हैं. जबकि बैशाख तथा जेठ की दोपहरी बाकी ही है़ समझा जा सकता है कि आने वाले दिनों में गरमी का कहर किस कदर लोगों को परेशान कर सकती है़ हाट-बाजार तथा सड़कों पर सुबह 11 बजे के बाद लोगों का आवागमन कम हाने लगा है़
लगातार गरमी में बढ़ोतरी होने के कारण आम जनों की परेशानी भी बढ़ गयी है़ ऐसे में हर कोई ठंडी छांव तथा हवादार जगह को काफी पसंद कर रहे हैं. सुबह स्नान कर लेने के बावजूद लोग दिन भर पसीने की चिपचिपाहट से निजात पाने के लिए शाम में पुन: स्नान को दिनचर्या में शामिल करने लगे हैं. वहीं दिन व रात में यदि बिजली कट जाये, तो फिर यह परेशानी और भी गंभीर हो जाती है़
