धरहरा : नक्सल प्रभावित धरहरा प्रखंड के ग्राम पंचायत माताडीह से कम उम्र में मुखिया के निर्वाचन होने का मामला गरमाने लगा है. माताडीह पंचायत से मुखिया प्रत्याशी रही बेबी देवी ने राज्य निर्वाचन आयोग के समक्ष 21 वर्ष से कम आयु के मतदाता के नामांकन को वैध करार दिये जाने को लेकर परिवाद पत्र दायर किया है़ जिसके आलोक में राज्य निर्वाचन आयोग के उप सचिव मिथलेश कुमार साहु ने जिला पदाधिकारी सह जिला निर्वाचन पदाधिकारी से माताडीह पंचायत के मुखिया पूनम देवी के उपर लगाये गए आरोपों की जांच कर अपने मंतव्य के साथ प्रतिवेदन अविलंब भेजने का निर्देश दिया है.
जांच के घेरे में माताडीह पंचायत की नवनिर्वाचित मुखिया
धरहरा : नक्सल प्रभावित धरहरा प्रखंड के ग्राम पंचायत माताडीह से कम उम्र में मुखिया के निर्वाचन होने का मामला गरमाने लगा है. माताडीह पंचायत से मुखिया प्रत्याशी रही बेबी देवी ने राज्य निर्वाचन आयोग के समक्ष 21 वर्ष से कम आयु के मतदाता के नामांकन को वैध करार दिये जाने को लेकर परिवाद पत्र […]

राज्य निर्वाचन आयोग ने अपने पत्र में उल्लेख किया है कि माताडीह निवासी बेबी देवी पति योगेन्द्र शर्मा ने परिवाद पत्र में ग्राम पंचायत माताडीह के मुखिया पूनम देवी के विरुद्ध पंचायत आम निर्वाचन 2016 में 21 वर्ष से कम उम्र में निर्वाचित होने का आरोप लगाया है. परिवाद पत्र में मुखिया पूनम देवी का जिला पदाधिकारी को अपने मंतव्य के साथ प्रतिवेदन देने का निर्देश दिया गया है. विदित हो कि धरहरा प्रखंड के ग्राम पंचायत माताडीह के मतदाता सूची में 21 वर्ष से कम आयु रहने के बावजूद प्रखंड विकास पदाधिकारी सह प्रखंड निर्वाचन पदाधिकारी सुजीत कुमार राउत ने तथाकथित सांठ-गांठ से आधार कार्ड और न्ययालय से शपथ पत्र को आधार मानते हुए पूनम देवी को मुखिया पद से नामांकन ही नहीं करा दिया. बल्कि स्कूटनी के समय पर नामांकन का विरोध किये जाने के बावजूद नामांकन को वैध करार दे दिया. सूचना अधिकार अधिनियम के तहत नामांकन के समय पूनम देवी द्वारा प्रस्तुत किये गए कागजातों में घोर अनियमितता उजागर हुई है. ज्यादा उम्र दर्शाने के लिए शपथ पत्र में जहां उम्र के जगह पर ओवर राइटिंग की गयी. उम्र को सही साबित करने के लिए एक ही व्यक्ति का उम्र 20, 22 और 24 दर्शाया गया है. बताया जाता है कि एक ही सीरियल नंबर का दो-दो वोटर आईडी कार्ड लगाया गया है.