Motihari News: मधुबन प्रखंड क्षेत्र में अवैध रूप से संचालित नर्सिंग होम के खिलाफ गुरुवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने कार्रवाई की. मेडिकल टीम के पहुंचने से पहले ही कई निजी अस्पतालों के संचालक और चिकित्सक अस्पताल बंद कर गायब हो गए. मधुबन सीएचसी के सामने एक निजी अस्पताल का गेट भी बंद मिला. इसी दौरान एक महिला ने टीम को बताया कि उसका बच्चा अस्पताल के अंदर भर्ती है. गेट खुलवाकर जांच की गयी तो अस्पताल के आईसीयू में दो और वार्ड में एक बच्चा भर्ती मिला.
Madhuban News: मेडिकल टीम पहुंची तो बंद मिला निजी अस्पताल
गुरुवार को प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. इंद्रजीत कुमार, सीओ सतीश गुप्ता, थानाध्यक्ष प्रवीण कुमार पांडेय और राजस्व अधिकारी की टीम निजी नर्सिंग होम की जांच के लिए पहुंची.
मधुबन सीएचसी के सामने स्थित एक निजी अस्पताल का गेट बंद मिला. टीम जब वापस लौटने लगी तो वहां मौजूद एक महिला ने बताया कि उसका बच्चा अस्पताल के अंदर भर्ती है. इसके बाद अधिकारियों ने अस्पताल का गेट खुलवाया और अंदर जाकर जांच की.
आईसीयू में दो, वार्ड में मिला एक बच्चा
अस्पताल के अंदर जांच के दौरान बच्चों वाले आईसीयू में दो बच्चे भर्ती मिले, जबकि एक बच्चा वार्ड में भर्ती था.
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने तीनों बच्चों से संबंधित आवश्यक जानकारी दर्ज की और मामले में आगे की कार्रवाई शुरू कर दी. भर्ती बच्चों में राजेपुर थाना क्षेत्र के कदमा गांव निवासी विपुल कुमार सिंह का नौ दिन का बच्चा, आदापुर के नरकटिया बाजार निवासी हरिशंकर साहू का दो माह का बच्चा और घेघवा गांव निवासी लखन साह का दस दिन का बच्चा शामिल है.
फेनहारा रोड के नर्सिंग होम में डॉक्टर-मरीज गायब
इससे पहले मेडिकल टीम फेनहारा रोड स्थित डॉ. दिनेश कुमार के क्लिनिक पर पहुंची. टीम के पहुंचने से पहले ही चिकित्सक और मरीज वहां से गायब मिले.
जांच के दौरान टीम को एक मरीज का लिखा हुआ पर्चा मिला. पर्चे पर डॉ. दिनेश कुमार, डॉ. विवेक कुमार, डॉ. अरविंद कुमार और डॉ. अंजली गुप्ता के नाम दर्ज मिले.
नर्सिंग होम किया गया सील
प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. इंद्रजीत कुमार ने बताया कि जांच के दौरान मिली स्थिति के आधार पर निजी नर्सिंग होम को सील कर दिया गया है.
स्वास्थ्य विभाग की टीम की ओर से क्षेत्र में संचालित निजी नर्सिंग होम और क्लिनिक की जांच की जा रही है. अधिकारियों की कार्रवाई से निजी अस्पताल संचालकों में हड़कंप की स्थिति बनी रही.
