मोतिहारी के पर्यवेक्षण गृह में बच्चों की सुविधाओं का लिया जायजा, भोजन की गुणवत्ता और सुरक्षा पर सचिव सख्त

जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव नितिन त्रिपाठी ने मोतिहारी के पर्यवेक्षण गृह का विस्तृत निरीक्षण किया. उन्होंने बच्चों को मिलने वाली सुविधाओं, भोजन की गुणवत्ता, साफ-सफाई और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया. बच्चों के विधिक अधिकारों की प्रभावी पहुंच सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया.

Motihari News: जिला विधिक सेवा प्राधिकार, पूर्वी चंपारण के सचिव नितिन त्रिपाठी ने पर्यवेक्षण गृह का विस्तृत निरीक्षण किया. निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य पर्यवेक्षण गृह में रह रहे बच्चों को स्वच्छ, सुरक्षित, स्वस्थ और गरिमापूर्ण वातावरण उपलब्ध कराना तथा उनके विधिक अधिकारों तक प्रभावी पहुंच सुनिश्चित करना था. इस दौरान सचिव ने बच्चों को मिलने वाली सुविधाओं का जायजा लिया और संबंधित अधिकारियों को कई आवश्यक निर्देश दिए.

बच्चों के भोजन की गुणवत्ता और पौष्टिकता की जांच

निरीक्षण के दौरान सचिव नितिन त्रिपाठी ने पर्यवेक्षण गृह में बच्चों को दिए जा रहे भोजन की गुणवत्ता और पौष्टिकता की गहन जांच की. उन्होंने भोजन की व्यवस्था का जायजा लेते हुए अधिकारियों को इसके स्तर को लगातार बेहतर बनाए रखने का निर्देश दिया.

सचिव ने कहा कि बच्चों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए उन्हें पौष्टिक और गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराया जाना जरूरी है. भोजन व्यवस्था में किसी तरह की लापरवाही नहीं होनी चाहिए.

साफ-सफाई और शौचालय के रखरखाव पर जोर

पर्यवेक्षण गृह के निरीक्षण के दौरान साफ-सफाई की व्यवस्था की भी समीक्षा की गई. सचिव ने नियमित रूप से पूरे परिसर की साफ-सफाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया.

उन्होंने शौचालयों के समुचित रख-रखाव के साथ-साथ दीवारों की आवश्यक मरम्मत और पेंटिंग कराने को कहा. बच्चों के रहने के लिए परिसर को स्वच्छ और बेहतर वातावरण वाला बनाए रखने पर विशेष जोर दिया गया.

सुरक्षा व्यवस्था में लापरवाही पर सख्त चेतावनी

सचिव ने पर्यवेक्षण गृह की सुरक्षा व्यवस्था की भी समीक्षा की. उन्होंने अधिकारियों को सुरक्षा के सभी जरूरी इंतजामों पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया.

उन्होंने स्पष्ट किया कि सुरक्षा के मामले में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए व्यवस्था को लगातार प्रभावी बनाए रखने की बात कही गई.

विधिक सहायता डेस्क और रजिस्टरों की जांच

निरीक्षण के दौरान पर्यवेक्षण गृह में स्थापित विधिक सहायता डेस्क का भी जायजा लिया गया. सचिव ने वहां रखे विभिन्न रजिस्टरों और अभिलेखों का बारीकी से अवलोकन किया.

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि पर्यवेक्षण गृह में रहने वाले सभी पात्र बच्चों को समय पर निःशुल्क विधिक सहायता और आवश्यक परामर्श उपलब्ध कराया जाए. साथ ही संबंधित दस्तावेजों और अभिलेखों को नियमित रूप से अपडेट रखने का निर्देश दिया.

बच्चों के विधिक अधिकारों पर भी विशेष ध्यान

निरीक्षण का एक प्रमुख उद्देश्य बच्चों को उनके विधिक अधिकारों की प्रभावी पहुंच सुनिश्चित करना रहा. सचिव ने संबंधित अधिकारियों से कहा कि पात्र बच्चों को कानूनी सहायता मिलने में किसी तरह की देरी नहीं होनी चाहिए.

निरीक्षण के दौरान भोजन, स्वच्छता, सुरक्षा और विधिक सहायता से जुड़ी व्यवस्थाओं को बेहतर बनाए रखने पर विशेष जोर दिया गया. अधिकारियों को सभी निर्देशों का गंभीरता से पालन सुनिश्चित करने को कहा गया.

ये भी पढ़ें: गंडक नदी के कटाव से परेशान ग्रामीणों को मिलेगी राहत, मंगलपुर में सांसद ने लिया जायजा, बोल्डर पीचिंग का निर्देश

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Intejarul Haq

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >