मधुबनी . आउटसोर्सिंग एजेंसी के माध्यम से उपलब्ध कराये गये पदाधिकारी एवं कर्मियों की सेवा 31 मार्च 2025 के बाद नहीं ली जाएगी. इस संबंध में मध्यान्ह भोजन योजना के निदेशक ने जिला कार्यक्रम पदाधिकारी को पत्र भेजकर जरूरी निर्देश दिया है. निदेशक ने कहा है कि मध्यान्ह भोजन में विभिन्न आउटसोर्सिंग एजेंसी के माध्यम से पदाधिकारी व कर्मियों की सेवा उपलब्ध कराई गई है. निदेशालय स्तर से समीक्षा के बाद बजट प्रावधान का अभाव पाया गया है. बजट के अभाव के कारण आउटसोर्सिंग एजेंसी के माध्यम से उपलब्ध कराए गए पदाधिकारी व कर्मियों की सेवा 31 मार्च के बाद लेना संभव नहीं है. यदि सक्षम प्राधिकार के आदेश के बिना 31 मार्च के बाद उनकी सेवा ली जाती है तो इसकी सारी जवाबदेही कार्यक्रम पदाधिकारी मध्यान्ह भोजन योजना की होगी. निदेशक ने कहा है कि यदि किसी पद पर पदाधिकारी व कर्मी की सेवा आवश्यक है तो सक्षम प्राधिकार के आदेश के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी. निर्देश दिया गया है कि कार्यक्रम पदाधिकारी अपने स्तर से संबंधित एजेंसियों, पदाधिकारी, कर्मियों को इस आशय की सूचना अविलंब दे दें. विदित हो की 22 फरवरी को विभागीय वीडियो कंफ्रेंसिंग में इस संबंधी निर्देश जिला शिक्षा पदाधिकारी को दी गयी थी.
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