मधुबनी : जिस अपराधी को पकड़ने के लिये लोग बेहाल और आक्रोशित थी. पुलिस उस अपराधियों को सुरक्षित बाहर निकाले जाने के लिये रात का इंतजार कर रही थी. दिन भर लोगों के आक्रोश का सामना पुलिस व जवानों ने की. सैकड़ों की संख्या में पहुंचे पुलिस, हथियार बंद जवान कई बार लोगों के आक्रोश को शांत करने के लिये घर में प्रवेश करने का दिखावा कर रही थी. पर पुलिस की रणनीति तो रात का इंतजार करना था. जो माहौल बना था उसमें यदि दिन में पुलिस अपराधियों को निकालती तो यह बात तय थी कि आक्रोशित लोगों के हुजूम से शायद ही अपराधियों को पुलिस बचा पाती. पुलिस पशोपेश में थी.
एक ओर आक्रोशित लोगों को शांत भी रखना था तो दूसरी ओर अपराधियों को सुरक्षित बचाना भी था. पुलिस के जवान को कई बार लोगों के आक्रोश का सामना करना पड़ा. आलम यह था कि डीएसपी कुमार इंद्रप्रकाश के साथ लोगों ने हाथापायी भी की. इस दौरान लोगों ने पुलिस के खिलाफ नारेबाजी भी की. पर इसके बाद भी पुलिस मौन रही. जिससे लोगो का आक्रोश पल पल बढ़ता गया. करीब चार घंटे तक पुलिस के अधिकारी व जवान मौके पर डटे रहे. पर बंद घर से अपराधी को निकालने की पूरी की कोशिश नहीं की. हर पल की जानकारी डीएसपी कुमार इंद्र प्रकाश एसपी को दे रहे थे. रणनीति के तहत ही अंधेरा होने का इंतजार पुलिस कर रही थी.
