वाट्सन कैनाल बनी समस्या

वार्ड नंबर 19 की एक ही समस्या है. वाट्सन कैनाल. वाट्सन कैनाल की परेशानी दूर हो जाये, तो इस वार्ड के लोगों के साथ-साथ शहर की करीब 35 फीसदी आबादी के सामने जलनिकासी का स्त्रोत खुल जाये. पर यह संभव नहीं दिख रहा. वार्ड पार्षद ने 19 लाख से नौ पीसीसी सड़क व एक नाले […]

वार्ड नंबर 19 की एक ही समस्या है. वाट्सन कैनाल. वाट्सन कैनाल की परेशानी दूर हो जाये, तो इस वार्ड के लोगों के साथ-साथ शहर की करीब 35 फीसदी आबादी के सामने जलनिकासी का स्त्रोत खुल जाये. पर यह संभव नहीं दिख रहा. वार्ड पार्षद ने 19 लाख से नौ पीसीसी सड़क व एक नाले का निर्माण कराया है.

मधुबनी : जलनिकासी की समस्या को लेकर साल 2007 में लाल निकुंज कॉलोनी के दर्शनानंद ठाकुर की मौत हो गयी. बात सरकार तक पहुंची. तत्कालीन गृह सचिव तक आये. अधिकारियों का कई दिनों तक दौरा हुआ. निरीक्षण हुआ. वादे हुए. लोगों को लगा कि शायद अब की बार वाट्सन कैनाल से जल निकासी की समस्या हमेशा के लिए दूर हो जाये. पर उम्मीद टूट गयी. घटना के 9 साल बीत गये. कुछ भी सुधार नहीं हुआ.
इन सालों में इसकी स्थिति और भी खराब हो गयी. वाट्सन कैनाल का शुरुआत ही बारह नंबर गुमटी के समीप से होती है. जो थाना चौक होते हुए भच्छी में जाकर जीवछ नदी से मिलती है. शुरुआत में इसकी चौड़ाई अमूमन 20 से 30 फुट हुआ करती थी. पर आज लोगों ने इस कैनाल का अतिक्रमण कर लिया तो इसकी चौड़ाई अब सिमट कर 10 से 12 फुट रह गयी है. शहर का कचरा भी इस कैनाल में ही फेंका जाता है. जिस कारण भी जल निकासी नहीं होती है.
अधिकारियों व सुखी संपन्न लोगों वाला वार्ड है वार्ड उन्नीस. इस वार्ड के हर मुहल्ले संभ्रांत व रिहायशी माने जाने वाले लोगों का निवास स्थान है. इस वार्ड की संपन्नता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इस वार्ड में मात्र पांच बीपीएल परिवार, एक भी अंत्योदय परिवार नहीं है. शहर के विकास की रूप रेखा तैयार करने में इस वार्ड की अहम भूमिका रही है.
नहीं हो रही पहल
अतिक्रमण हटाने की कोई पहल नहीं हो रही है. आज भी लोग इस उम्मीद में हैं कि कभी तो कोई प्रशासनिक अधिकारी ऐसे आयेंगे जो इस कैनाल को अतिक्रमणकारियों के चंगुल से मुक्त कराकर जल निकासी का राह खोलेंगे.
20 से 30 फुट थी चौड़ाई, आज िसमटकर हो गयी 12 फुट चौड़ी
हमें बताएं समस्या
‘प्रभात खबर’ स्कैन टीम आज वार्ड नंबर 20 में रहेगी़ इस दौरान वार्ड की समस्याओं पर टीम फोकस करेगी़ वार्डवासियों से उनकी समस्याओं पर बात होगी़ अगर आपके वार्ड में कोई समस्या है, तो आप हमें व्हाट्सएप करें. हम आपके फोटो के साथ उसे प्रकाशित करेंगे. 9472928085
रौशन कुमार बताते हैं कि वार्ड पार्षद ने अपने दम पर इस वार्ड में विकास के कई काम किये है. शायद अन्य वार्ड में इस प्रकार की पहल नहीं हो सकी है.
प्रवेश गुंजन बताते हैं कि अधिकांश लोगों के घरों में खुद का चापाकल ही है. चापाकल की आवश्यकता वार्ड के लोगों को नहीं के बराबर है. वेपर लाइट की कुछ समस्या है.
ज्योति रमण झा बताते हैं कि इस वार्ड में सभी सुलझे और संभ्रांत लोग हैं. पर वाट्सन कैनाल के अतिक्रमण के मामले में पता नहीं क्या हो जाता है. जब तक लोग खुद नहीं करेंगे प्रशासन के बूते की बात नहीं है कि कैनाल को अतिक्रमण मुक्त करा दे.
वार्ड 19 एक नजर में
आबादी : 3200
परिवार की संख्या : 247
बीपीएल : 05
अंत्योदय : 00
मुख्य मुहल्ला : लाल निकुंज, वीणा कुंज, डाइंग मास्टर कॉलोनी, अयाची नगर, तिरहुत कॉलोनी, खादी भंडार कॉलोनी, वाट्सन स्कूल रोड, कचहरी
वार्ड पार्षद : सुभाष मिश्र
चापाकल की संख्या : 12
खराब चापाकल : 00
वैपर लाईट : 60
खराब वैपर लाईट : 12
प्राथमिक विद्यालय : 00
मध्य विद्यालय : 01
प्लस टू विद्यालय : 02
कॉलेज : 00
सामुदायिक शौचालय : 00
जरूरत के िहसाब से किया काम
अपने चार साल के कार्यकाल में उन्होंने हर स्तर पर लोगों की बातों व आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए कार्य किया है. करीब छह माह कार्यकाल के और बचे हैं उम्मीद है इस दौरान भी काम होंगे.
सुभाष मिश्र, वार्ड पार्षद

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