झटके से मची भगदड़

भूकंप का अहसास होते ही लोग घर छोड़ भागे पंडौल : क्षेत्र अभी चक्रवर्ती तूफान के कहर से उबरने की कोशिश कर ही रहे थे की एक फिर दिन के करीब 11.45 में धरती ने सभी को हिला डाला. भूकंप का अहसास होते ही चारो ओर भगदड़ मच गया. कोई किसे बचाये खुद बचे या […]

भूकंप का अहसास होते ही लोग घर छोड़ भागे
पंडौल : क्षेत्र अभी चक्रवर्ती तूफान के कहर से उबरने की कोशिश कर ही रहे थे की एक फिर दिन के करीब 11.45 में धरती ने सभी को हिला डाला. भूकंप का अहसास होते ही चारो ओर भगदड़ मच गया. कोई किसे बचाये खुद बचे या बच्चों को बचाए अजीब मंजर था वो समय जब महिलाये खेत से घर की तरफ तो कई लोग घर छोड़ कर खुले मैदान की ओर दौर पड़े.
कई लोगों ने सुछबूझ से लोगों के लिए तत्काल तंबू लगाने लगे तो कई लोग रोते. चीखते महिलाओं और बच्चों का हौसला देते दिखे . भूकंप के दौरान सकरी चौक पर बस से उतरे रहिका थाना में पदस्थापित एसआइ जत्रु राम अपनी जान बचाने सड़क की दूसरी ओर भागने लगे तभी तेज ऱफ्तार से आ रही अज्ञात स्कॉर्पियो ने उन्हें धक्का मार कर फरार हो गया जिसके बाद स्थानीय लोगों ने उन्हें रामशिला हेल्थ केयर में भेजा जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया,
जबकि सकरी थाना के तारसराय में बाजार से घर लोट रहे तीन बच्चे दीवार गिरने से घायल हो गए.बताया जाता है कि मो. असफाक के 10 बर्षीय पुत्र शैफ अलीएमो अफरोज के 10 वर्षीय पुत्री शबनम परवीनए और मोंजूही के आठ वर्षीय पुत्र मोणाज भगदड़ के बाद अपने घर की तरफ भाग रहे थे तभी एक दीवार उनपर गिर पड़ा जिसमें तीनो गंभीर रूप से घायल हो गए. जिन्हें कउबी भेजा गया है. वहीं गांवों और गनी आबादी वाले क्षेत्रों सकरी पंडौल में लोग पंडाल और कैंप लगा कर बैठे है महिला और बच्चे घर में जाने से डर रहे है.
जबकि नवयुवकों एक नयी सोच कमेटी की ओर से कई प्रकार के स्थाई कैंप लगाये गए है जिसमें महिला और बच्चे बैठे है भगवान से प्रार्थना करते देखे जा रहे है. तो दूसरी ओर घायल बच्चों और मृतक पुलिस कर्मी को देखने अनुमंडल पदाधिकारी शाहिद परवेज एडीएसपी कुमोद प्रसाद प्रखंड विकास पदाधिकारी विभु विवेक, थाना अध्यक्ष संजय कुमार आदि पहुंचे.
मंदिर सहित कई मकान ध्वस्त
जयनगर : जयनगर अनुमंडल मुख्यालय समेत सीमावर्ती क्षेत्रों में शनिवार दिन के 11 बजकर 40 मिनट पर आये भूकंप के झटकों ने दर्जनों मकान को क्षतिग्रस्त कर दिया एवं घंटों लोग अफरा तफरी के माहौल में रहने को विवश हुये है रूक रूक कर आये भूकंप के चार झटकों के कारण लोग अपने घरों से निकलकर कर खुले आकाश के नीचे समय गुजारा. जयनगर बस्ती के प्रदेश के सबसे उंचा दुर्गा मंदिर का गुंबज क्षतिग्रस्त हो गया.
वहीं जयनगर अनुमंडल मुख्यालय के पंजाब नेशनल बैंक का मकान क्षतिग्रस्त हो गया. पटना गद्दी रोड के छपरिया स्टील हाउस का पुराने घर का इीवार गिरने से काम कर रहे मजदूर मो. अमरूल घायल हो गया. वहीं खर्गा रोड में तनिश्क इंटरप्राइजेज के घर का दीवार, चदं पूर्वे के मकान में संचालित कोचिंगग सेंटर का घर गिर गिरने से अफरा तफरी का माहौल उत्पन्न हो गया. धीरज सिंह के नवनिर्मित घर का रेलींग पड़ोसी विनोद सिंह के घर पर गिर जाने से मकान क्षतिग्रस्त हो गया. जयनगर बस्ती के माधव सिंह का गैरेज ध्वस्त हो गया.
ग्रामीण क्षेत्रों में परसा के संजय राय का दीवार ढह गया. धमियांपटटी के रामप्रीत ठाकुर का एसबेस्टस का घर ध्वस्त हो गया. वहीं देवधा, रजौली, बरही, शिलानाथ, दुल्लीपटटी , पड़वा सेलरा समेत अन्य गांवों में भी भूकंप से दर्जनों मकान के क्षतिग्रस्त होने की बात लोगों ने बताई. दिन भर लोग एक दूसरे से भूकंप से हुई नुकसान का जायजा लेने में व्यस्त रहे. अंचल प्रशासन भी भूकंप से हुई क्षति का आकलन करने में जुटे रहे. अंचलाधिकारी राजीव कुमार सिंह खुद कई पंचायतों का दौड़ा कर भूकंप से हुई क्षति का जायजा लिया.
निर्मली में 50 लाख से अधिक की क्षति
निर्मली (सुपौल). अनुमंडल क्षेत्र में 7.5 से अधिक गति वाले भूकंप की चपेट में लगभग 50 लाख रुपये से अधिक की क्षति हुई है. भूकंप की चपेट में आकर आधा दर्जन से अधिक लोग चोटिल हो गये. वहीं, मरौना प्रखंड के ललमनियां व बड़हाड़ा गांव में दो घर गिरने से कई लोग बाल-बाल बच गये. जबकि नगर पंचायत निर्मली के मुख्य मार्ग अवस्थित महावीर मंदिर के गुंबद व अन्य भागों को भूकंप ने हिला कर दरार उत्पन्न कर दिया है.
इसके साथ ही नगर के मुख्य मार्ग स्थित आलोक नाहर, रंजीत नायक, लाल सिंह बोथरा सहित दर्जनों लोगों के मकान में दरार आ गया. हांलांकि अनुमंडल क्षेत्र से किसी तरह की हताहत की सूचना नहीं है. लेकिन जिस तरह से निर्मली में दो अलग-अलग समय सुबह क्रमश: 11.42 बजे व दोपहर 12.15 में भूकंप के झटके को महसूस किया गया.
इसमें अनुमंडल क्षेत्र में लगभग 50 लाख रुपये से अधिक की क्षति होने की संभावना व्यक्त की जा रही है. बताते चलें कि शहर के कई नवनिर्मित बहुमंजिले में भी दरार आया है. वहीं, मौसम विभाग के मद्देनजर क्षेत्रीय लोग दिन भर दहशत में दिखें. भूकंप के दौरान लोग अपने-अपने घर से निकल कर विभिन्न सड़क मार्ग पर भीड़ में भी असुरक्षित महशुस कर रहे थें. स्थानीय परमेश्वर गुप्ता, लाल सिंह बोथरा, उदय प्रसाद गुप्ता, रंजीत नायक आदि ने बताया कि उनके जीवनकाल में इस तरह का भूकंप पहली बार महशुस किये गये.
इधर, भूकंप के आलोक में सूबे के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के द्वारा जारी हाई अलर्ट की सूचना निर्मली एसडीओ अरुण कुमार सिंह, सीओ नरेश कुमार झा, बीडीओ परसुराम सिंह, इंस्पेक्टर आनंद कुमार वर्मा आदि के द्वारा आम लोगों को दी जा रही थी. सभी को सतर्क भी किया जा रहा था.
जयनगर में कई घर ध्वस्त
जयनगर. सीमावर्ती क्षेत्रों में दिन के ग्यारह बजकर चालीस मिनट पर आये भूकंप के झटकों ने लोगों के बीच अफरातफरी का माहौल उत्पन्न कर दिया. लोग अपने घरों से निकलकर कई मिनट तक हतप्रभ होकर ईश्वर से किसी बड़ी अनहोनी न होने देने की मनुहार में लगे रहे.
तीन घंटे में रूक रूक कर आये भूकंप के चार झटकों ने लोगों को अंदर से इस कदर भयभीत कर दिया कि सभी अपने परिजनों का हालचाल जानने को बैचेन होते रहे. लगभग एक घंटा तक अधिकांश मोबाइल के काम नहीं करने के कारण लोगों की परेशानी और बढ गई. कई उम्रदराज लोग एवं महिलायें भूकंप के लगातार झटका आने के कारण घंटों सदमे के माहौल में समय गुजारा. उपर से रूक रूक कर हो रही बूंदाबांदी लोगों को और परेशान करके रख दिया.
पड़ोसी देश नेपाल में ही भूकंप का केन्द्र रहने की खबर मिलते ही लोग नेपाल के अपने सगे संबंधियों का हाल जानने को बेचैन रहे. कई लोग तो भूकंप के भय से इस कदर भयभीत रहे कि घंटों अपने घरों में जाने से कतराते रहे. लोगों में एक दूसरे का हाल जानने की बेचैनी रही. वहीं रात में भी लोग भूकंप आने की संभावना से माहौल भय का बना हुआ है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >