मधुबनी : बाबूबरही पंचायत में सात निश्चय योजना बरती गयी योजना की जांच होगी. इसके लिए डीएम शीर्षत कपिल अशोक ने तीन सदस्यीय कमिटी का गठन कर दिया है. गठित तीन सदस्यीय के सदस्य योजना की स्थलीय, तकनीकी, अभिलेखीय एवं वित्तीय कार्य की गुणवता की जांच कर प्रतिवेदन देंगे. जांच प्रतिवेदन के आधार पर दोषी […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
मधुबनी : बाबूबरही पंचायत में सात निश्चय योजना बरती गयी योजना की जांच होगी. इसके लिए डीएम शीर्षत कपिल अशोक ने तीन सदस्यीय कमिटी का गठन कर दिया है. गठित तीन सदस्यीय के सदस्य योजना की स्थलीय, तकनीकी, अभिलेखीय एवं वित्तीय कार्य की गुणवता की जांच कर प्रतिवेदन देंगे.
जांच प्रतिवेदन के आधार पर दोषी के खिलाफ कारवाई की जाएगी. जांच टीम में जिला परिषद के कार्यपालक अभियंता रामप्रवेश प्रसाद, खजौली प्रखंड के पंचायत राज पदाधिकारी भारत भूषण, कनीय अभियंता फुलपरास विजय कुमार यादव को शामिल हैं.
क्या है मामला. ग्राम पंचायत राज बाबूबरही के उपमुखिया मो. इसराफिल ने डीएम को आवेदन देकर पंचायत सचिव एवं मुखिया पर सात निश्चय योजना में बिना प्राक्कलन व बिना बोर्ड लगाये ही योजना का कार्य करने एवं बाबूबरही में पीसीसी सड़क निर्माण मिट्टीकरण एवं खरंजाकरण नहीं करने का आरोप लगाया है. मुखिया एवं पंचायत सचिव ने कई वार्डों में खाता खोलकर चेकबुक अपने पास रख लिये है.
आवेदन में बाबूबरही पंचायत में सात निश्चय योजना मद से दो करोड़ रुपये मुखिया एवं सचिव द्वारा अवैध रूप से निकासी कर लेने के बाद भी नाला निर्माण का कार्य अधूरा छोड़ देने का भी आरोप लगाया गया है. साथ ही मुखिया द्वारा वार्ड सदस्य से जबरन चेक पर हस्ताक्षर कराने का आरोप लगाया है. वहीं वार्ड 10 में अभी तक सात निश्चय योजना की राशि हस्तांतरित नहीं किये जाने की भी शिकायत की गयी है.