मधेपुरा जिले के विद्यार्थियों की शैक्षणिक और बुनियादी समस्याओं के त्वरित व पारदर्शी समाधान के लिए जिला प्रशासन 25 अगस्त से एक विशेष पहल शुरू करने जा रहा है. इसके तहत जिले के तमाम सरकारी शिक्षण संस्थानों में 'विद्यार्थी सहयोग शिविर' का आयोजन किया जाएगा. इन शिविरों के माध्यम से छात्र-छात्राएं अपनी शिकायतें दर्ज कराने के साथ-साथ शिक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के लिए अपने सुझाव भी सीधे अधिकारियों के समक्ष रख सकेंगे.
झल्लू बाबू सभागार में अधिकारियों व कर्मियों को दिया गया प्रशिक्षण
विद्यार्थी सहयोग शिविरों के सफल क्रियान्वयन और तकनीकी निगरानी के लिए समाहरणालय स्थित झल्लू बाबू सभागार में विशेष प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित की गई.
जिला सूचना विज्ञान अधिकारी विवेकानंद और आईटी मैनेजर तरुण कुमार ने उपस्थित नोडल पदाधिकारियों एवं कर्मियों को 'विद्यार्थी सहयोग पोर्टल' के संचालन, डेटा प्रविष्टि और शिकायतों के नियमित अनुश्रवण की विस्तृत जानकारी दी. प्रशिक्षण सत्र में विभिन्न महाविद्यालयों के प्राचार्य, प्रधानाध्यापक, जिला शिक्षा पदाधिकारी (DEO), जिला कल्याण पदाधिकारी और अल्पसंख्यक कल्याण पदाधिकारी के प्रतिनिधि शामिल हुए.
समय-सीमा के भीतर होगा शिकायतों का निपटारा
प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि विद्यार्थी सहयोग पोर्टल पर दर्ज होने वाली प्रत्येक शिकायत को संबंधित विभाग को भेजा जाएगा, जहां एक निश्चित समय-सीमा के भीतर उसका समाधान करना अनिवार्य होगा.
इस शिविर की सबसे खास बात यह होगी कि विद्यार्थियों को प्रशासनिक पदाधिकारियों के समक्ष सीधे अपनी बात और समस्याएं रखने का मंच मिलेगा, जिससे कई समस्याओं का तत्काल समाधान मौके पर ही निकाला जा सकेगा.
इन शिक्षण संस्थानों और छात्रावासों में लगेंगे शिविर
यह विशेष अभियान जिले के लगभग सभी प्रमुख सरकारी और आवासीय शैक्षणिक संस्थानों में चलाया जाएगा:
- बीएन मंडल विश्वविद्यालय एवं सभी अंगीभूत (कॉन्स्टिट्यूएंट) महाविद्यालय
- राजकीय अभियंत्रण महाविद्यालय (Engineering College) और पॉलिटेक्निक संस्थान
- जननायक कर्पूरी ठाकुर मेडिकल कॉलेज, पारा मेडिकल, नर्सिंग स्कूल और आईटीआई
- सिमुलतला आवासीय विद्यालय और समाज कल्याण विभाग के अंतर्गत संचालित विद्यालय
- पिछड़ा-अति पिछड़ा, एससी-एसटी, अल्पसंख्यक कल्याण छात्रावास और कस्तूरबा गांधी बालिका छात्रावास
पोर्टल पर सही विवरण दर्ज करने की अपील, हेल्पलाइन 1100 जारी
जिला प्रशासन ने सभी छात्र-छात्राओं से अपील की है कि वे शिविर के दौरान पोर्टल पर अपनी वास्तविक समस्याएं और रचनात्मक सुझाव ही दर्ज कराएं. इसके अलावा किसी भी प्रकार की जानकारी या शिकायत दर्ज कराने के लिए हेल्पलाइन नंबर 1100 जारी किया गया है, जिस पर कार्य दिवसों में सुबह 8:00 बजे से रात 8:00 बजे तक संपर्क किया जा सकता है.
