मधेपुरा की सामाजिक एवं सांस्कृतिक संस्था संकल्प मैत्री फाउंडेशन ने सहरसा सदर अस्पताल में दैनिक अखबार के संवाददाता के साथ हुई कथित घटना पर गंभीर आपत्ति जताई है. संस्था ने मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषी पाए जाने वाले लोगों के विरुद्ध नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की मांग की है.
पत्रकारों के साथ दुर्व्यवहार पर जताई चिंता
संस्था के संस्थापक सुनीत साना ने कहा कि पत्रकार लोकतंत्र के महत्वपूर्ण स्तंभ हैं. जनहित से जुड़े मुद्दों को समाज के सामने लाने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका होती है. ऐसे में पत्रकारों के साथ अभद्रता, दुर्व्यवहार या मारपीट जैसी घटनाएं किसी भी स्थिति में उचित नहीं हैं.
सभी पक्षों को सुनकर हो जांच
सुनीत साना ने कहा कि पत्रकार अपने दायित्व का निर्वहन करते हुए अस्पताल समेत सार्वजनिक संस्थानों से जुड़े मामलों को सामने लाते हैं. उनके साथ होने वाली किसी भी अप्रिय घटना से पत्रकारिता की स्वतंत्रता प्रभावित होती है और समाज में भी गलत संदेश जाता है. उन्होंने प्रशासन से सभी पक्षों को सुनकर मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की.
वीडियो और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान की हो जांच
उन्होंने कहा कि घटना की वास्तविकता सामने लाने के लिए उपलब्ध वीडियो, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और अन्य साक्ष्यों की जांच की जानी चाहिए. जांच के बाद सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर ही कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि किसी निर्दोष के साथ अन्याय न हो और दोषी व्यक्ति पर नियमानुसार कार्रवाई हो सके.
अस्पताल में सुरक्षित माहौल की मांग
संस्था ने प्रशासन से जांच प्रक्रिया को निष्पक्ष और पारदर्शी रखने की मांग की. साथ ही अस्पताल परिसर में पत्रकारों और आम लोगों के लिए सुरक्षित एवं सम्मानजनक माहौल सुनिश्चित करने की भी अपील की.
अफवाहों से बचने की अपील
नीतेश कुमार ने कहा कि संकल्प मैत्री फाउंडेशन सामाजिक सरोकार, लोकतांत्रिक मूल्यों और जनहित के मुद्दों के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाती रही है. उन्होंने सभी संबंधित पक्षों से संयम बरतने और जांच पूरी होने तक किसी भी तरह की अफवाह या भ्रामक सूचना से बचने की अपील की.
