नेपाल में पिछले दिनों आई भीषण बाढ़ के बाद मधेपुरा जिले के एक व्यवसायी के लापता होने का मामला सामने आया है. लापता व्यवसायी की पहचान गम्हरिया प्रखंड के औराही एकपरहा पंचायत के सूर्यगंज गांव, वार्ड नंबर 17 निवासी 62 वर्षीय शिवशंकर गुप्ता के रूप में हुई है. बाढ़ के बाद से उनका कोई सुराग नहीं मिलने से परिजनों में कोहराम मचा हुआ है.
16 वर्षों से नेपाल में कपड़े का कारोबार कर रहे थे शिवशंकर
लापता व्यवसायी के पुत्र चंदन कुमार ने जिला पदाधिकारी को आवेदन देकर अपने पिता की खोज के लिए भारतीय दूतावास के माध्यम से पहल करने की मांग की है. आवेदन के अनुसार, शिवशंकर गुप्ता पिछले 16 वर्षों से नेपाल के नुवाकोट जिले के त्रिशूली बाजार स्थित देवीघाट वार्ड नंबर दो में किराये का कमरा लेकर कपड़े का व्यवसाय करते थे. वह वहीं रहकर अपना कारोबार चलाते थे.
26 अगस्त को सुबह नौ बजे हुई थी आखिरी बातचीत
चंदन कुमार ने बताया कि 26 अगस्त 2026 को सुबह करीब नौ बजे उनकी अपने पिता से व्हाट्सएप कॉल पर बात हुई थी. बातचीत के दौरान सब कुछ सामान्य था. इसके बाद उसी दिन सुबह करीब साढ़े दस बजे त्रिशूली क्षेत्र में भीषण बाढ़ आ गई. बाढ़ आने के बाद से पिता के दोनों नेपाल के मोबाइल नंबर बंद आ रहे हैं.
परिचितों और रिश्तेदारों से भी नहीं मिली जानकारी
परिजनों ने अपने स्तर से नेपाल में रह रहे परिचितों एवं रिश्तेदारों के माध्यम से काफी खोजबीन की, लेकिन अब तक शिवशंकर गुप्ता के बारे में कोई जानकारी नहीं मिल सकी है. इससे परिवार की चिंता लगातार बढ़ती जा रही है.
भारतीय दूतावास से संपर्क की मांग
चंदन कुमार ने बताया कि उनके पिता का भारतीय दूतावास में पंजीयन 20 अगस्त 2010 को हुआ था. उन्होंने जिला प्रशासन से आग्रह किया है कि मामले को गंभीरता से लेते हुए नेपाल स्थित भारतीय दूतावास, काठमांडू एवं संबंधित अधिकारियों से संपर्क कर उनके पिता की खोज कराई जाए और उनकी वर्तमान स्थिति की जानकारी उपलब्ध कराई जाए.
पीड़ित परिवार ने बताया कि घटना के बाद से सभी सदस्य चिंतित हैं और शिवशंकर गुप्ता के सकुशल होने की प्रार्थना कर रहे हैं. परिजनों ने प्रशासन से जल्द से जल्द मदद की गुहार लगाई है.
