उदाकिशुनगंज : उदाकिशुनगंज प्रखंड क्षेत्र के मंजौर वार्ड नंबर नौ निवासी मो अताबुल अंसारी की पत्नी सजमुन खातून की मौत शुक्रवार की दोपहर प्रसव उपरांत हो गयी. परिजन ने बताया कि डॉक्टर की लापरवाही के कारण प्रसव उपरांत प्रसूता का अधिक खून बहने के कारण मौत हो गयी है.
पीएचसी उदाकिशुनगंज के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉक्टर डीके सिन्हा के अनुसार प्रसूता पूर्व से तीन बच्चे की मां थी. चौथे बच्चे के प्रसव के दौरान पूर्व से स्त्री को काफी खून की कमी होने की वजह से मौत हुई है. जानकारी के अनुसार उदाकिशुनगंज प्रखंड क्षेत्र के मंजौर वार्ड नंबर नौ निवासी मो अताबुल अंसारी की पत्नी सजमुन खातून शुक्रवार की सुबह स्थानीय उपस्वास्थ्य केंद्र मंजौर में प्रसव के लिए गयी थी. पीएचसी में मौजूद एएनएम स्नेहलता कुमारी द्वारा उक्त महिला की प्रसव करायी गयी. प्रसव उपरांत उक्त महिला को काफी मात्रा में खून चलना शुरू हो गया.
प्रसूति महिला की स्थिति काफी नाजुक होते देख उपस्वास्थ्य केंद्र मंजोरा के डॉ इरफान द्वारा पीएचसी उदाकिशुनगंज के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉक्टर डीके सिन्हा को प्रसूता के स्थिति से अवगत कराया गया. इसके उपरांत एंबुलेंस के सहायता से उक्त प्रसूता को पीएचसी उदाकिशुनगंज लाया गया. जहां जरूरत इलाज के बाद महिला को बेहतर इलाज के लिए मधेपुरा रेफर कर दिया गया.
पीएचसी उदाकिशुनगंज के स्वास्थ्य प्रबंधक संजीव कुमार वर्मा ने बताया कि प्रसूता को सदर अस्पताल मधेपुरा ले जाने के दौरान बिहारीगंज के पास एंबुलेंस में हीं हो गयी. बिहारीगंज के पास प्रसूता स्त्री की चहलपहल नहीं देखे जाने पर एंबुलेंस में मौजूद ड्रेसर द्वारा एंबुलेंस को बिहारीगंज पीएचसी ले जाया गया. जहां पीएचसी के डॉक्टर मिथिलेश द्वारा मृत घोषित कर दिया गया. वहीं प्रसव के पति मो अताबुल का आरोप है कि डॉक्टर की लापरवाही के कारण पीएचसी उदाकिशुनगंज में हीं प्रसूता की मौत हो गयी. डॉक्टर द्वारा यह कह कर सदर अस्पताल भेजा गया कि खून की कमी के कारण प्रसूता बेहोशी हालात में है. खून चढ़ने के उपरांत ठीक हो जायेगी. लेकिन बिहारीगंज पीएचसी में जाकर मरीज को मृत घोषित कर दिया गया. घटना की सूचना पर एसडीओ एसजेड हसन मृतक के आवास मंजौर पहूंच कर परिजन को सांत्वना दिया. इस बावत एसडीओ से संपर्क नहीं हो पाया है.
उदाकिशुनगंज उपप्रमुख मुनेश्वर राय ने बताया कि महिला के पति मो अताबुल अंसारी का कहना है डॉक्टर की लापरवाही के कारण प्रसूता की मौत हुई है. यदि ससमय एंबुलेंस की व्यवस्था हो जाती तो प्रसूता की मौत नहीं होती.
