आरडब्ल्यूडी द्वारा मिट्टी काटने से नहर के अस्तित्व पर पैदा हो गया है खतरा
मुरलीगंज : एक तरफ बिहार सरकार नहरों के माध्यम से सिंचाई व्यवस्था दुरुस्त करने का प्रयास कर रही है, तो दूसरी ओर नहर के बांध को काट कर इसकी मिट्टी सड़क पर भरी जा रही है. यह मामला कुमारखंड प्रखंड के रानी पट्टी सुखासन पंचायत का है. यहां वार्ड नंबर सात में आरडब्ल्यूडी मधेपुरा द्वारा सड़क निर्माण का कार्य जारी है. लेकिन इसके लिए मिट्टी उसी नहर के पूर्वी बांध से काट ली गयी है.
आलम यह है कि जहां पश्चिमी बांध की चौड़ाई लगभग 12 फीट है वहीं पूर्वी बांध की चौड़ाई घट कर अनेक स्थान पर एक से दो फीट बच गयी है. ऐसे में अगर भविष्य में पानी का बहाव होता है तो नहर का टूटना तय है.
गांववासी कह रहे हैं एक तो नहर में पानी नहीं आने से कृषि एवं मत्स्य पालन वर्षों से प्रभावित है. उस पर अब नहर के बांध को काट कर इसका अस्तित्व ही समाप्त किया जा रहा है. जब मिट्टी काट रहे लोगों से ऐसा न करने कहा गया तो उन्होंने कहा कि सरकार के आदेश पर नहर के बांध से मिट्टी काट कर सड़क भर रहे हैं. मामले में आरडब्ल्यूडी के कार्यपालक अभियंता विजय कुमार ने कहा मामले की जानकारी ली जा रही है.
बोले अधिकारी
मामला प्रभात खबर द्वारा संज्ञान में लाया गया. अविलंब अभियंता भेज कर स्थल की जांच करायी जायेगी. नहर के बांध को अगर क्षतिग्रस्त किया गया है, तो संवेदक से उसकी मरम्मत करायी जायेगी. इसके साथ ही आवश्यकता पड़ने पर अन्य विधि सम्मत कार्रवाई की जायेगी.
विजय कुमार, कार्यपालक अभियंता, आरडब्ल्यूडी, मधेपुरा.
