पीएचसी की गंदगी को जनप्रतिनिधि कर रहे नजरअंदाज

पीएचसी की गंदगी को जनप्रतिनिधि कर रहे नजरअंदाजफोटो – मधेपुरा 10,11कैप्शन – पीएचसी में फैली गंदगी व बिना बेड पर चादर के रह रहे मरीज. प्रतिनिधि, घैलाढ़, मधेपुरा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र घैलाढ़ की स्थिति दिन-ब-दिन बद-से-बदतर होती जा रही है. डेढ़ लाख आबादी वाले एक मात्र प्रखंड का प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ही लोगों के उपचार […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | October 26, 2015 7:18 PM

पीएचसी की गंदगी को जनप्रतिनिधि कर रहे नजरअंदाजफोटो – मधेपुरा 10,11कैप्शन – पीएचसी में फैली गंदगी व बिना बेड पर चादर के रह रहे मरीज. प्रतिनिधि, घैलाढ़, मधेपुरा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र घैलाढ़ की स्थिति दिन-ब-दिन बद-से-बदतर होती जा रही है. डेढ़ लाख आबादी वाले एक मात्र प्रखंड का प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ही लोगों के उपचार का सहारा है. ऐसे में पीएचसी की स्थिति सुदृढ नहीं रहने से क्षेत्र के मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. पीएचसी में मूलभूत सुविधाओं का अभाव है. मरीजों का भी अस्पताल प्रबंधन द्वारा विशेष रूप से ख्याल नहीं रखा जाता है. ऐसे में मरीज को घोर परेशानियों का सामना करना पड़ता है या इधर-उधर भटकना पड़ता है. पीएचसी में न ही दवा उपलब्ध है और नहीं ही जांच की संपूर्ण व्यवस्था है. लेकिन क्षेत्र के जनप्रतिनिधि इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं. इसका खामियाजा उन्हें चुनाव में चुकाना होगा. – पीएचसी में गंदगी की भरमार अस्पताल परिसर में चारों और गंदगी का अंबार लगा हुआ है. प्रसव कक्ष के बाहर खून से लथपथ कपड़े इधर उधर पड़े रहते है. साफ सफाई के नाम पर सिर्फ खाना पूर्ति की जा रही है. मरीजों को भोजन नहीं मिल पा रहा है. विभाग के सख्त निर्देश के बाबजूद दीवाल पर भोजन का मीनू चार्ट अब तक अंकित नहीं की गई है. — जिला पदाधिकारी के निर्देश का भी नहीं हो रहा पालन — विगत माह निरीक्षण को पहुंचे डीएम मो. सोहैल ने अस्पताल की कुव्यवस्था पर अस्पताल के पदाधिकारियों को जम कर फटकार लगाई थी. वहीं डीएम ने पीएचसी प्रबंधन को व्यवस्था को लेकर कई निर्देश भी दिये. लेकिन डीएम के निर्देश को ताक पर रख कर मरीजों की परेशानी जश की तश बनी हुई है. — कहते हैं पीएचसी प्रभारी — पीएचसी प्रभारी डा आनंद कुमार भगत बताते है की पीएचसी में संसाधन का अभाव है. अभाव होने के बावजूद किसी तहर कार्य किया जा रहा है. साफ सफाई का जिम्मा एनजीओं को दिया गया है. इस संबंध में एनजीओं को चेतावनी दी गयी है. डीएम साहब के आदेश का पालन किया जा रहा है. जल्द ही पीएचसी की व्यवस्था में सुधार आ जायेगा.