लखीसराय. पॉक्सो कोर्ट के विशेष न्यायाधीश सह जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश षष्ठम श्वेता वर्मा की अदालत ने सोमवार को अपनी नाबालिग भांजी से दुष्कर्म के मामले में आरोपी मामा को दोषी करार दिया. अदालत दोषी की सजा पर 10 सितंबर को फैसला सुनायेगी. दोषी मूल रूप से मुंगेर जिले के धरहरा का रहने वाला बताया गया है.
2023 में भांजी को अकेला पाकर की थी वारदात
मिली जानकारी के अनुसार आरोपी का अपनी बहन के घर लगातार आना-जाना था. वर्ष 2023 में एक दिन घर में भांजी को अकेला पाकर उसने उसके साथ दुष्कर्म किया था. घटना के बाद पीड़िता के परिजनों ने महिला थाना में प्राथमिकी दर्ज करायी थी. मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया था. तब से वह जेल में बंद था और मामले का ट्रायल अदालत में चल रहा था. सोमवार को सुनवाई के दौरान अदालत ने उसे दोषी करार दिया.
फैसला सुनते ही कोर्ट परिसर में हंगामा
अदालत द्वारा दोषी करार दिये जाने के बाद कटघरे में मौजूद आरोपी और वहां पहुंचे उसके परिजनों ने हंगामा शुरू कर दिया. परिजन चीखने-चिल्लाने लगे. इसी दौरान आरोपी की पत्नी ने अपने हाथों की चूड़ियां तोड़ दीं. हंगामे के कारण कुछ देर के लिए कोर्ट परिसर में तनाव और अफरा-तफरी की स्थिति बन गयी.
टूटे कांच से हाथ में किया कट लगाने का प्रयास
हंगामे के दौरान दोषी ने पत्नी की टूटी चूड़ी के कांच से अपने हाथ में कट लगाने का प्रयास किया. इससे उसके हाथ में चोट लग गयी और वह घायल होकर गिर पड़ा.मौके पर तैनात सुरक्षाकर्मियों ने तत्काल उसे हिरासत में लिया और इलाज के लिए सदर अस्पताल पहुंचाया. फिलहाल पुलिस अभिरक्षा में उसका इलाज चल रहा है.
10 सितंबर को सुनायी जायेगी सजा
अपर लोक अभियोजक गुप्तेश्वर सिंह ने घटना की जानकारी देते हुए बताया कि अदालत ने आरोपी को दुष्कर्म के मामले में दोषी करार दिया है. अब अदालत 10 सितंबर को दोषी की सजा का ऐलान करेगी. मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है.
