लखीसराय. संत शिरोमणि श्री गुरु रविदास जी की 650वीं जयंती के अवसर पर जिला प्रशासन की ओर से विशेष पहल शुरू की गई है. गुरुवार को समाहरणालय परिसर से जिलाधिकारी शैलेंद्र कुमार और सूर्यगढ़ा विधायक रामानंद मंडल ने भव्य कलश वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया. कलश यात्रा जिले के सभी सात प्रखंडों की विभिन्न पंचायतों का भ्रमण करेगी. इसके बाद अनुसूचित जाति बहुल टोलों में श्री गुरु संत रविदास विकास शिविर आयोजित किए जाएंगे.
27 अगस्त 2026 से फरवरी 2027 तक चलेगा अभियान
जिला कल्याण पदाधिकारी के अनुसार अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कल्याण विभाग के तत्वावधान में यह अभियान 27 अगस्त 2026 से 15 फरवरी 2027 तक संचालित होगा. प्रत्येक गुरुवार को संबंधित पंचायतों में शिविर लगाए जाएंगे. अभियान का मुख्य उद्देश्य वंचित और पात्र परिवारों को उनके घर के आसपास ही सरकारी योजनाओं का शत-प्रतिशत लाभ उपलब्ध कराना है.
22 प्रमुख योजनाओं और सेवाओं से जोड़े जाएंगे लाभुक
शिविरों के माध्यम से पात्र लाभुकों को 22 प्रमुख सरकारी योजनाओं और सेवाओं से जोड़ने की योजना है. इनमें नए राशन कार्ड और गैस कनेक्शन, विद्यालयों में नामांकन, आंगनबाड़ी सेवाएं, जन्म-मृत्यु प्रमाण-पत्र और आधार कार्ड निर्माण जैसी सुविधाएं शामिल हैं. इसके अलावा कुशल युवा कार्यक्रम, ई-श्रम एवं श्रमिक कार्ड निबंधन, मनरेगा जॉब कार्ड, स्वयं सहायता भत्ता, आयुष्मान भारत कार्ड और हेल्थ कैंप की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी. बुनियाद केंद्र के माध्यम से जरूरतमंदों को सहायक उपकरण उपलब्ध कराने की भी व्यवस्था रहेगी.
आवास और पेंशन योजनाओं का भी मिलेगा लाभ
शिविर में पात्र परिवारों को प्रधानमंत्री आवास योजना, वृद्धावस्था पेंशन, विधवा पेंशन और दिव्यांग पेंशन से जोड़ने की प्रक्रिया भी की जाएगी. इसके साथ कन्या उत्थान योजना, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना और कबीर अंत्येष्टि अनुदान जैसी योजनाओं का लाभ दिलाने की पहल होगी.पंचायत स्तर पर बिजली कनेक्शन, नल-जल, पक्की गली-नाली, शौचालय, जन-धन योजना और जीविका समूह से जुड़ने की सुविधा भी उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया है.
मौके पर ही तैयार किए जाएंगे दस्तावेज
प्रशासन के अनुसार अभियान का उद्देश्य केवल सरकारी योजनाओं का प्रचार-प्रसार करना नहीं है. पात्र परिवारों के आवश्यक दस्तावेज तैयार कराने और उन्हें मौके पर ही संबंधित योजनाओं से जोड़ने की पहल की जाएगी. इससे ग्रामीणों को प्रखंड और जिला कार्यालयों के बार-बार चक्कर लगाने से राहत मिलेगी.
पंचायत सचिव और विकास मित्र संभालेंगे जिम्मेदारी
शिविरों का संचालन संबंधित पंचायत सचिव और विकास मित्र द्वारा किया जाएगा. प्रत्येक शिविर के सुचारू संचालन के लिए प्रखंड स्तर पर एक पर्यवेक्षक प्रभारी नियुक्त किया जाएगा. जिला प्रशासन ने सभी पंचायत स्तरीय कर्मियों को शिविर में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहने का निर्देश दिया है.
वंचित परिवारों तक पहुंचेगी सरकारी योजनाओं की सुविधा
जिला प्रशासन की इस पहल से अनुसूचित जाति बहुल टोलों में रहने वाले पात्र परिवारों को सरकारी योजनाओं से जोड़ने की प्रक्रिया तेज होने की उम्मीद है. प्रशासन का जोर है कि कोई भी पात्र परिवार केवल जानकारी या दस्तावेजों के अभाव में सरकारी सहायता से वंचित न रहे.
