लखीसराय से अजीत सिंह एवं देव कुमार की रिपोर्ट:
Lakhisarai Encroachment Issue: शहर में अतिक्रमण की समस्या लगातार गंभीर होती जा रही है. नगर परिषद की ओर से अतिक्रमणकारियों को लगातार नोटिस जारी किए जा रहे हैं, लेकिन इसका कोई खास असर दिखाई नहीं दे रहा. खासकर नई बाजार क्षेत्र में स्थायी दुकानदारों द्वारा सड़क तक अतिक्रमण कर लिए जाने से आम लोगों को रोजाना जाम और अव्यवस्था का सामना करना पड़ रहा है.
नगर परिषद कर्मियों द्वारा अतिक्रमण हटाने के लिए नियमित रूप से नोटिस दिए जा रहे हैं, लेकिन नोटिस के बावजूद कई दुकानदार फुटपाथ से आगे बढ़कर सड़क तक अपना सामान फैला रहे हैं. इसके कारण नई बाजार में दिनभर जाम की स्थिति बनी रहती है. स्थानीय लोगों का कहना है कि जब बड़े अतिक्रमणकारियों पर कार्रवाई नहीं होती तो छोटे दुकानदार भी नियमों को गंभीरता से नहीं लेते.
दूसरी बार जारी किए गए नोटिस
अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई की जिम्मेदारी नगर परिषद कर्मी सूरज रावत और विजय कुमार को सौंपी गई है. इनके द्वारा अब तक दूसरी बार नोटिस जारी किया जा चुका है. शुक्रवार तक जमुई मोड़ से परिया पोखर तक 16 लोगों को नोटिस दिया गया है, जबकि आगामी दिनों में 24 अन्य लोगों को नोटिस देने की तैयारी है.
तीसरे नोटिस के बाद होगी कार्रवाई
नगर परिषद सूत्रों के अनुसार तीसरी बार नोटिस जारी होने के बाद अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जाएगी. हालांकि पूर्व के अनुभव बताते हैं कि अतिक्रमण हटाने के अभियान के बाद भी कुछ दिनों में स्थिति फिर पहले जैसी हो जाती है.
नई बाजार और विद्यापीठ चौक सबसे अधिक प्रभावित
शहर के नई बाजार क्षेत्र में अतिक्रमण सबसे बड़ी समस्या बन चुका है. इसके अलावा विद्यापीठ चौक पर भी अतिक्रमणकारियों का कब्जा बना हुआ है. दिन चढ़ते ही सड़कें संकरी होने लगती हैं और शाम तक पूरा इलाका जाम की चपेट में आ जाता है. इससे वाहन चालकों, राहगीरों और व्यापारियों को परेशानी उठानी पड़ती है.
चार दशक पुरानी समस्या बनी चुनौती
स्थानीय लोगों के अनुसार लखीसराय शहर में अतिक्रमण की समस्या कोई नई नहीं है. करीब 40 वर्षों से नई बाजार क्षेत्र अतिक्रमण और जाम की समस्या से जूझ रहा है. जिला बनने के बाद भी इस समस्या का स्थायी समाधान नहीं निकल पाया है.
वेंडर जोन नहीं बनने से बढ़ी दिक्कत
फुटपाथी दुकानदारों के लिए आजीविका का सवाल भी प्रशासन के सामने चुनौती बना हुआ है. शहर में वेंडर जोन बनाने की योजना वर्षों पहले तैयार की गई थी और इसके लिए जगह भी चिह्नित की गई थी, लेकिन योजना धरातल पर नहीं उतर सकी. इसके कारण फुटपाथी दुकानदार सड़कों और फुटपाथों पर ही कारोबार करने को मजबूर हैं.
क्या बोले नगर परिषद ईओ
नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी प्रभात रंजन ने बताया कि अतिक्रमणकारियों को लगातार नोटिस दिया जा रहा है. उन्होंने कहा कि पुलिस बल की कमी के कारण अतिक्रमण हटाओ अभियान प्रभावित हो रहा है. साथ ही वेंडर जोन का निर्माण भी आवश्यक है. इसके लिए भूमि अधिग्रहण की जरूरत है. उन्होंने कहा कि न्यायालय के निर्देशानुसार वेंडर जोन बनाया जाना है और इस दिशा में आगे कार्रवाई करने का प्रयास किया जाएगा.
