सहमे हैं लोग . जिले के विभिन्न इलाकों में जारी है आग्निदेव का कहर
जिले में अग्निशमन विभाग आग बुझााने में हांफ रहा है. परिणामस्वरूप जिले में करोड़ों की क्षति हुई है. अब तक अगलगी की 87 घटनाएं हो चुकी हैं. जिसमें चार बच्चे की की मृत्यु हो चुकी है व दो लोग घायल हुए. वहीं इस अगलगी में 26 पशुओं की मौत हुई व छह पशु जख्मी हो गये. हजारों बीघा में लगी आग की फसल जलकर राख हो गया.
लखीसराय : जिले के सात प्रखंडों में इन दिनों एक माह से कहीं ना कहीं भीषण अगलगी हो रही है. अग्निशमन यंत्र प्रर्याप्त मात्रा में नहीं उपलब्ध रहने से घंटों समय ले लेते हैं. जिसके परिणाम स्वरूप जान-माल की सुरक्षा नहीं हो पा रही है, और करोड़ों की क्षति पहुंच रही है. फिर भी जिला प्रशासन इसके प्रति संवेदनशील नहीं होने से लोगों को काफी आक्रोश व्याप्त है.
कहते हैं अधिकारी. प्रभारी अग्निशमन पदाधिकारी देवकी पासवान ने बताया कि जितना उपलब्ध अग्निशमन यंत्र उपलब्ध हैं. खबर पाते ही दौरा किया जाता है. दो बड़ी अग्नि शमन वाहन में एक खराब पड़ा है. शेष छोटे अग्नि शमन यंत्र की पानी की क्षमता 300 लीटर ही है.
वहीं जिला पंचायती पदाधिकारी सह प्रभारी आपदा प्रबंधन विभाग मंजू प्रसाद ने बताया कि प्रभावित लोगों को सरकार के नियमानुसार अंचलाधिकारी द्वारा दी जा रही है. बिहार सरकार द्वारा जिला को राशि का आवंटन कर दिया गया है. शीघ्र ही सातों प्रखंडों को वितरण कर दिया जायेगा. उन्होंने बताया कि अंचलाधिकारी को अग्नि से बचाव के लिये जागरूक करने का भी आदेश पूर्व में दे दी गयी है.
